इकोफ्रेंडली हुई हावड़ा राजधानी, अब यात्रियों को गन्ने की थाली में मिलेगा खाना

धनबाद। हावड़ा से नई दिल्ली जानेवाली राजधानी एक्सप्रेस के यात्रियों के लिए भोजन परोसने की थाली अब इको फ्रेंडली हो गई है। राजधानी एक्सप्रेस में खान-पान की व्यवस्था संभालने वाले इंडियन रेलवे कैटरिग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (आइआरसीटीसी) ने विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर इस अनूठी पहल की शुरुआत की है।
मंगलवार को नई दिल्ली से इस टे्रन में सफर करने वाले यात्रियों को गन्ने के अवशेष से तैयार थाली में भोजन दिया गया। बुधवार से हावड़ा से नई दिल्ली जानेवाली राजधानी एक्सप्रेस के यात्रियों को यह सुविधा मिलेगी। देशभर की चार राजधानी व चार शताब्दी एक्सप्रेस में ट्रायल पर इसे लागू किया गया है।
जल्द ही सभी राजधानी, दुरंतो और शताब्दी में यह व्यवस्था प्रभावी होगी। राजधानी के यात्रियों को जिस थाली में भोजन दिया जा रहा है, वह गन्ना के अपशिष्ट से तैयार है। गन्ने का रस निकालने के बाद उसके बचे अपशिष्ट का उपयोग थाली तैयार करने में किया गया है।
गन्ने की थाली पूरी तरह इको फ्रेंडली है जिसे इस्तेमाल के बाद एकत्रित किया जाएगा। एकत्रित थाली का कंपोस्ट के जरिये डिस्पोजल की भी व्यवस्था की जाएगी।
"विश्व पर्यावरण दिवस के मद्देनजर यात्रियों के लिए यह खास व्यवस्था की गई है। आनेवाले कुछ माह में भारतीय रेल की सभी राजधानी, दुरंतो व शताब्दी एक्सप्रेस ट्रेनों में इसे लागू किया जाएगा।"
-सिद्धार्थ सिंह, जनसंपर्क अधिकारी,आइआरसीटीसी
