केंद्र ने स्कूली पाठ्यक्रम को घटाने के लिए शिक्षाविदों से मांगे सुझाव
नई दिल्ली । केंद्र सरकार ने कोरोना और देशव्यापी लॉकडाउन के मद्देनजर स्कूली पाठ्यक्रम और पढ़ाई के घंटों को कम करने के संदर्भ में शिक्षाविदों से सुझाव मांगे हैं।
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने बताया कि वर्तमान परिस्थितियों के मद्देनजर और माता-पिता और शिक्षकों से बहुत सारे अनुरोध प्राप्त करने के बाद, हम आने वाले शैक्षणिक वर्ष के लिए पाठ्यक्रम और निर्देशात्मक घंटों में कमी के विकल्प पर विचार कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि मैं सभी शिक्षकों और शिक्षाविदों अपील करना चाहूंगा कि वह मानव संसाधन विकास मंत्रालय या मेरे ट्विटर और फेसबुक पेज पर हैश टैग सिलेबस फ़ॉर स्टूडेंट्स 2020 का उपयोग करके इस मामले पर अपने दृष्टिकोण को साझा करें ताकि हम निर्णय लेते समय उन्हें ध्यान में रख सकें। मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि पाठ्यक्रम को कम करने की प्रक्रिया शुरुआत में 10वीं और 12वीं कक्षाओं से होगी बाद में इसे सभी कक्षाओं के लिए किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि कोरोना और देशव्यापी लॉक डाउन के कारण देशभर में केवल ऑनलाइन माध्यम से ही छात्रों को पढ़ाया जा रहा है। इसमें भी बड़ी संख्या में छात्रों को इंटरनेट और स्मार्टफोन जैसी सुविधाओं की कमी का सामना करना पढ़ रहा है। ऐसे में सरकार ने देश भर के अभिभावकों से इस संबंध में प्राप्त चिंताओं के मद्देनजर नए शैक्षणिक सत्र में पाठ्यक्रम का भोज कुछ कम करने की कवायद शुरू कर दी है।
