कोरोना काल का असर… सादगी से मना हनुमान जन्मोत्सव, मंदिर के रहे पट बंद

इन्दौर । कोरोना महामारी ने इस वर्ष भी भक्तों को भगवान से दूर कर दिया। भक्तों ने कोरोना काल की वजह से बाहार से ही दर्शन व दीप प्रज्जवलित कर देश और शहर में कोरोना महामारी से मुक्ति दिलाने के लिए हनुमान जन्मोत्सव पर प्रार्थना की। कोरोना काल की वजह से मंदिरों के पट तो बंद ही रहे लेकिन मंदिरों में आरती मुख्य पुजारियों द्वारा व कुछ सेवादारों द्वारा ही की गई। भगवान के दर्शनों के लिए भक्तों के लिए ऑनलाईन दर्शन-पूजन की व्यवस्था की गई थी। जिसमें सभी भक्तों ने फेसबुक पर लाईव आरती के माध्यम से दर्शन किए। शहर के बड़े हनुमान मंदिर जैसे वीर बगीची, बड़े रणजीत हनुमान (समाजवाद नगर) एवं महूनाका स्थित रणजीत हनुमान मंदिर पर सुबह से भक्तों का तांता नजर आया। सभी भक्तों ने मंदिर के बाहर व शिखर दर्शन कर ही अपने घर को लौटे। कुछ भक्तों ने मंदिर के बाहर दीपक रोशन कर भगवान हनुमान के जन्मोत्सव पर प्रभु से इस कोरोना महामारी जैसी अंधकार बीमारी से मुक्ति के लिए प्रार्थना भी की। पंचकुईया स्थित वीर बगीची में सुबह 7 बजे अभिषेक पूजन के साथ हनुमान जन्मोत्सव मनाया गया।
अलीजा सरकार भक्त मंडल ने बताया कि श्रीश्री 1008 ब्रह्मचारी प्रभुवानंद सद्गुरुदेव के शिष्य बाल ब्रह्मचारी पवानन्द महाराज के सान्निध्य में महाआरती की गई। कोरोना काल को देखते हुए मंदिर के पट तो बंद ही रखे गए लेकिन मंदिरों में भगवान की आरती मुख्य पुजारियों और कुछ सेवादारों की उपस्थिति में सोशल डिस्टेंसिंग व शासन द्वारा तय की गई कोरोना गाईड लाईन को ध्यान में रखते हुए की गई। हनुमान जन्मोत्सव पर भगवान अलीजा सरकार का स्वर्ण बरक व स्वर्ण आभूषण से श्रृंगार किया गया था तो वहीं भक्तों के दर्शनों के लिए फेसबुक लाईव की व्यवस्था भक्त मंडल की ओर से की गई थी। इसी प्रकार महूनाका स्थित बड़े रणजीत हनुमान मंदिर (समाजवाद नगर) में भी भक्तों ने बड़े रणजीत का आकर्षक श्रृंगार कर प्रभु का अभिषेक व हवन-पूजन किया। सुबह से ही मंदिर में भक्तों की दर्शनों के लिए भीड़ उमड़ पड़ी, मंदिर के बाहर से ही भक्तों ने दर्शन कर बड़े रणजीत का आशीर्वाद लिया तो, वहीं श्री बड़े रणजीत हनुमान भक्त मंडल द्वारा हवन यज्ञ भी किया गया एवं कोरोना से मुक्ति की प्रार्थन की गई। रणजीत हनुमान दरबार में भी भक्तों को प्रवेश नहीं दिया गया। यहां पर भक्तों द्वारा कोरोना काल को देखते हुए गेट के बाहर से ही भक्तों के दर्शनों की व्यवस्था की गई थी। भक्तों ने सड़क से रणजीत सरकार के दर्शन व पूजन किया साथ ही भक्तों ने दीप प्रज्जवलित कर देश में सुख, समृद्धि व शांति की मन्नतें भी हनुमान जन्मोत्सव पर मांगी। रणजीत दरबार में बाबा का आकर्षक श्रृंगार किया गया था जो दूर से ही भक्तों के आकर्षण का केंद्र बना रहा।
:: मंदिर के पूजारियों ने की आरती ::
कोरोना काल को ध्यान में रखते हुए मंदिरों के पुजारियों ने ही मंदिर में आरती की। भक्तों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। वहीं भक्तों की सुविधा के लिए मंदिरों में फेसबुक के माध्यम से लाईव दर्शन व महाआरती देखने की व्यवस्था की गई थी। जिसमें हजारों भक्तों ने फेसबुक के माध्यम से जुड़कर ही हनुमानजी के दर्शन किए।
:: भक्तों का लगा रहा तांता लेकिन सूने रहे मंदिर ::
हनुमान जन्मोत्सव पर मंदिरों के बाहर भक्तों की भीड़ तो जमा हुई, लेकिन मंदिर में प्रवेश न मिलने से कुछ भक्तों को शिखर दर्शन कर ही अपने घर को लौटना पड़ा। मंदिर में कुछ सेवादारों के साथ ही मुख्य पुजारियों ने प्रशासन की गाईड लाईन का पालन करते हुए किसी भी भक्त को मंदिर में प्रवेश नहीं दिया।
