झड़प से रुकी काउंटिंग फिर शुरू, सभी पदों पर लेफ्ट आगे

नई दिल्ली, देश के प्रतिष्ठित जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में छात्रसंघ चुनाव के लिए शुक्रवार को वोटिंग तो हो गई लेकिन नतीजे आने का अब भी इंतजार हो रहा है. छात्र संगठनों में झड़प की वजह से कई बार मतगणना को रोका गया लेकिन 14 घंटे बाद रविवार को फिर से काउंटिंग शुरू हो गई है. देर शाम तक JNU छात्रसंघ चुनाव के नतीजे आ सकते हैं.
ताजा रुझानों के मुताबिक सभी पदों पर लेफ्ट यूनिटी आगे चल रही है. इस साल कैंपस में 70 फीसदी वोटिंग हुई थी जो बीते 6 साल में अबतक का सबसे ज्यादा मतदान है. अध्यक्ष पद की रेस में सबसे ऊपर लेफ्ट उम्मीदवार है जो अपने प्रतिद्वंदी ABVP से करीब दोगुना अंतर से आगे चल रहा है. वहीं उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव पद पर भी लेफ्ट और एबीवीपी के बीच दोगुने वोटों का अंतर है.
रविवार दोपहर 12 बजे तक कुल 5185 में से 4481 वोटों की गिनती हो चुकी है. इनमें…
अध्यक्ष
N Sai Balaji (Left Unity)- 1861
Lalit Pandey (ABVP )-833
Thallapalli Praveen (BAPSA)- 585
Jayant Kumar (RJD)-459
Vikas Yadav (NSUI)- 354
उपाध्यक्ष
Sarika (Left Unity)- 2209
Geeta Sri (ABVP)- 872
liji (NSUI)- 417
Purna chandra (BAPSA)- 554
महासचिव
Aejaj (Left Unity)- 2115
Ganesh (ABVP)- 1079
Vishambhar Nath(BAPSA)- 686
Md. Mufizul (NSUI)- 306
संयुक्त सचिव
Amutha (Left Unity)- 1775
Venkat Chaubey (ABVP)- 1071
Nureng Reena (NSUI)- 693
Kanaklata Yadav (BAPSA)-568
छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) और लेफ्ट समर्थक संगठनों के बीच यहां मुख्य मुकाबला है. शनिवार को दोनों की छात्र गुट चुनाव समिति से भिड़ गए जिसके चलते कई बार मतगणना को रोकना पड़ा. इसी को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस की तैनाती की गई है, साथ ही पुलिस हिंसा में शामिल लोगों की तलाश भी कर रही है.
मारपीट और हिंसा का आरोप
चुनाव समिति का आरोप था कि एक अध्यक्ष और संयुक्त सचिव पद के प्रत्याशी ने चुनाव समिति की महिला सदस्यों के साथ मारपीट की. वाम संगठनों ने आरोप लगाया कि देर रात ABVP के उम्मीदवारों और कार्यकर्ताओं ने कैंपस में उत्पात मचाया. देर रात सभी काउंसलर पदों में हार की सूचना से बौखलाए एबीवीपी समर्थकों ने मारपीट और तोडफोड़ की.
अभिनेत्री स्वरा भास्कर ने भी छात्र गुटों में झड़प की खबरों के लिए ABVP को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने ट्वीट कर कहा कि ABVP के छात्र लाठी-डंडे लेकर कैंपस में उत्पात मचा रहे हैं, साथ ही डीयू से भी छात्रों को बुलाया गया है. मीडिया और पुलिस को कैंपस में एंट्री से मनाही है, एबीवीपी अब तक की मतगणना में सभी सीटें हार रही है.
इसके अलावा सीपीएम ने भी जेएनयू छात्रसंघ चुनाव में ABVP पर हिंसा करने का आरोप लगाया. पार्टी ने ट्वीट किया और कहा कि लेफ्ट एकता ने एकतरफा जेएनयू चुनाव जीत लिया है. आरएसएस का संगठन ABVP इस हार को बर्दाश्त नहीं कर पा रहा है और यही वजह है कि हिंसा और मारपीट के जरिए वो चुनाव को रद्द कराना चाहते हैं. सीपीएम की ओर से इस मामले में जेएनयू प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल उठाए गए हैं.
ये हैं उम्मीदवार
आल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा), स्टूडेंट्स फेडरेशन आफ इंडिया (एसएफआई), डेमोक्रेटिक स्टूडेंट्स फेडरेशन (डीएसएफ) और आल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (एआईएसएफ) ने साथ मिलकर संयुक्त वाम गठबंधन बनाया है. गठबंधन ने स्कूल आफ इंटरनेशनल स्टडीज के एन. एस. बालाजी को अध्यक्ष पद के लिए अपना उम्मीदवार बनाया है.
डीएसएफ की सारिका चौधरी उपाध्यक्ष पद पर चुनाव लड़ रही हैं, एसएफआई के एजाज अहमद राथेर महासचिव पद के लिए और एएसआईएफ के ए जयदीप संयुक्त सचिव पद के लिए चुनाव लड़ रहे हैं. एनएसयूआई ने विकास यादव को अध्यक्ष पद के लिए और एल के बाबू को उपाध्यक्ष पद के लिए अपना उम्मीदवार बनाया है. मोहम्मद मोफिजुल आलम सचिव पद पर जबकि एन रीना संयुक्त सचिव पद के लिए चुनाव मैदान में हैं.
एबीवीपी ने ललित पांडेय को अध्यक्ष पद के लिए, गीताश्री बरूआ को उपाध्यक्ष पद के लिए, गणेश गुर्जर को महासचिव और वी चौबे को संयुक्त सचिव पद के लिए उम्मीदवार बनाया है. वहीं इस बार बिहार के पू्र्व सीएम लालू प्रसाद यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल(राजद) भी मैदान में है. छात्र राजद ने अध्यक्ष पद के लिए जयंत कुमार को अपना उम्मीदवार बनाया है.
