निपाह वायरस फैला, कालीकट यूनिवर्सिटी बंद, ऑस्ट्रेलिया से मंगाई दवा

निपाह वायरस केरल के बाद कर्नाटक में फैल गया है. कर्नाटक के मेंगलुरू में निपाह वायरस से पीड़ित दो मरीज मिले हैं. इनमें से एक ने हाल में निपाह पीड़ित मरीज से मुलाकात की थी. वहीं, कोझिकोड की कालीकट यूनिवर्सिटी 10 दिनों तक बंद कर दी गई है. यहां परीक्षाएं टाल दी गई हैं.
कोचिंग, ट्यूशन क्लासेस, पब्लिक मीटिंग पर रोक लगा दी गई है. एक नर्सिंग स्टूडेंट में भी निपाह वायरस मिला है. उसको निगरानी में रखा गया है.
उधर, केरल में 160 मरीजों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं. इनमें 14 को निपाह वायरस से संक्रमित पाया गया है. बाकी की जांच जारी है.
निपाह वायरस से निपटने के लिए भारत ने ऑस्ट्रेलिया सरकार से भी मदद मांगी है. ऑस्ट्रेलिया से मोनोक्लोनल एंटीबॉडीज मांगी गई हैं.
इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के महानिदेशक डॉ बलराम भार्गव ने बताया कि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ऑस्ट्रेलिया में बनी एंटीबॉडीज पर चर्चा की गई. इसे जल्द निपाह वायरस से पीड़ित लोगों को इंजेक्ट किया जा सकता है. मलेशिया से भी निपाह वायरस से निपटने के लिए रिवाविरीन टैबलेट मंगवाई जा रही है.
पीड़ित के अंतिम संस्कार के लिए दाह क्रिया को प्राथमिकता देने को कहा गया है. अन्यथा स्थिति में शव को पॉलीथिन बैग में लपेटकर गहराई में दफन करने को कहा गया है.
केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे का कहना है कि निपाह का संक्रमण केरल में स्थानीय स्तर पर ही है. इससे अन्य हिस्सों में लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है.
