भाजपा विधायक ने नहीं दिया जवाब, लगाया जुर्माना

भोपाल ।बीना विधानसभा से भाजपा विधायक महेश राय द्वारा चुनाव याचिका पर जवाब नहीं देने के कारण मप्र हाईकोर्ट ने उन पर 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर की एकलपीठ ने विधायक राय को चुनाव याचिका पर जवाब के लिए अंतिम अवसर दिया था। उसके बावजूद जवाब न देने पर कोर्ट ने यह जुर्माना लगाया है। राय को पुन: एक मौका देकर कोर्ट ने दो हफ्ते में अपना पक्ष प्रस्तुत करने को कहा। सागर जिले की बीना विधानसभा से पराजित कांग्रेस प्रत्याशी शशि कठोरिया की ओर से दायर चुनाव याचिका में कहा गया कि विधानसभा चुनाव में ईवीएम में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई। इसकी वजह से भाजपा प्रत्याशी महेश राय की जीत हुई है। याचिका में कहा गया कि एक ईवीएम मशीन की सील टूटी हुई थी, इसकी शिकायत रिटर्निंग ऑफिसर से की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
कांग्रेस पार्टी के एजेंट्स की गैरमौजूदगी में मतदान के पहले व बाद में ईवीएम सील कर दी गईं। मॉक पोल के दौरान भी याचिकाकर्ता के चुनाव एजेंट्स की गैरमौजूदगी को नजरअंदाज किया गया। मतगणना के दौरान एक ईवीएम खराब हो गई थी। रिटर्निंग ऑफिसर ने मशीन ठीक नहीं कराई। उस मशीन के वोटों की गिनती पर्चियों से करा ली। याचिका में कहा गया कि मतगणना के राउंडवार परिणाम और अंतिम परिणाम में भी अंतर रहा। 19 फवरी 2019 को नोटिस जारी कर विधायक राय समेत अन्य से हाइकोर्ट ने 20 मार्च तक जवाब मांगा। 20 मार्च व 7 मई को भी विधायक की ओर से समय मांगा गया। इस पर कोर्ट ने उन्हें 17 जून तक जवाब पेश करने के लिए अंतिम अवसर दिया था। इसके बावजूद जवाब पेश न करने पर कोर्ट ने नाराजगी जताई और विधायक पर 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। साथ ही राय को पुन: एक मौका देकर कोर्ट ने दो हफ्ते में अपना पक्ष प्रस्तुत करने को कहा।
