महाराष्ट्र के तीन मंत्रियों को हाईकोर्ट ने भेजा नोटिस

मुंबई। हाल ही में महाराष्ट्र में मंत्री पद की शपथ लेने वाले मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल, जयदत्त क्षीरसागर और अविनाश माहटेकर को बॉम्बे हाईकोर्ट ने नोटिस भेजा है. कोर्ट ने जवाब के लिए चार सप्ताह का समय दिया है. कोर्ट की तरफ से नोटिस उस याचिका के आधार पर भेजा गया है, जिसमें इन तीनों के मंत्री पद को चुनौती दी गई है. मालूम हो कि बीते 16 जून को इन तीनों ने मंत्री पद की शपथ ली थी. इसमें राधाकृष्ण विखे पाटिल को आवास मंत्रालय का प्रभार दिया गया था. इसके अलावा रोजगार गारंटी मंत्रालय जयदत्त क्षीरसागर को सौंपा गया था. विखे पाटिल ने हाल में कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए हैं. इससे पहले वो राज्य में विपक्ष के नेता थे. हाल में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान उनके बटे सुजय विखे पाटिल ने महाराष्ट्र की अहमदनगर सीट से बीजेपी के टिकट पर जीत हासिल की थी. याचिका सुरेंद्र अरोड़ा, संजय काले और संदीप कुलकर्णी दाखिल की थी. याचिकाकर्ताओं ने कहा कि मंत्रियों को संविधान के अनुसार दलबदल के आधार पर अयोग्य ठहराया जाना चाहिए. याचिकाकर्ता की मांग है कि तीनों नेताओं को दलबदल के आधार पर अयोग्य ठहराया जाना चाहिए. इस याचिका पर सुनवाई न्यायाधीश एस.सी.धर्माधिकारी और गौतम पटेल ने की है. बता दें कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीश ने 16 जून को मंत्रिमंडल का दूसरी बार विस्तार किया. इस दौरान 13 नए मंत्री बनाए गए. इनमें 8 ने कैबिनेट और 5 ने राज्यमंत्री के रूप में शपथ ली. जहां कांग्रेस छोड़ने वाले राधाकृष्ण विखे पाटिल और राकांपा से शिवसेना में शामिल हुए जयदत्त क्षीरसागर को कैबिनेट मंत्री बनाया गया. वहीं, रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आरपीआई) के अविनाश महातेकर ने राज्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी.
