लगातार दूसरे दिन तेज हवा से फैली आग, 2678 एकड़ फसल खाक, गोहाना में महिला जिंदा जली

प्रदेश में रविवार को भी तेज लू चली। इससे जगह-जगह चिंगारी से लगी आग तेजी से फैली। सोनीपत में गोहाना क्षेत्र के गांव बडाैता में खेतों में काम कर रहा परिवार आग से घिर गया। बचाव के लिए भागते समय 39 वर्षीय महिला मीना ठोकर लगने से खेत में गिर गई। धुआं अधिक होने से वह पति सेवाराम और बेटे बॉबी, मोहित व साहिल को दिखाई नहीं दी और वे खुद को बचाते हुए सड़क पर पहुंच गए। महिला आग की चपेट में आने से जिंदा जल गई। प्रदेश में लगातार दूसरे दिन 14 जिलों में आग से करीब 2678 एकड़ गेहूं-फाने व 2 एकड़ गन्ने की फसल जल गई। सीजन में अब तक 9458 एकड़ गेहूं-फाने जल चुके हैं।
किसानों को लाखों का नुकसान
करनाल-कैथल सीमा से सटे हावड़ी, सिरसल, रुखसाना और जलमाना गांव के खेतों में आग लग गई। इसकी चपेट में सैकड़ों एकड़ खड़ी गेहूं की फसल, फाने (कटी फसल के अवशेष) जलकर राख हो गई। इससे किसानों को लाखों रुपए का नुकसान हो गया है। तेज हवा के कारण आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और तेजी से फैल गई। इस वजह से नुकसान ज्यादा हुआ है। दमकल विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंची, लेकिन आग बुझाने में सफलता नहीं मिली।
राजस्व विभाग ने सर्वे कराने के आदेश दिए
राजस्व एवं आपदा विभाग ने सभी जिला उपायुक्त को जली फसलों का सर्वे कराकर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं। किसान संगठनों का कहना है कि सरकार सैटेलाइट के जरिये पराली जलाने के मामलों का पता लगाकर किसानों पर जुर्माना लगाती है। अब उसी सैटेलाइट से किसानों की जली फसल देखकर 50 हजार रुपए प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा जारी करे।
कंबाइन, ट्रैक्टर-रीपर व ट्रॉली जली
अम्बाला के सादिकपुर में आग की चपेट में आकर कंबाइन भी जल गई। रोहतक के नौनंद में फानों से भूसा बना रहे सिसाना निवासी चंद्रगुप्त का ट्रैक्टर, रीपर व ट्राॅली जल गई।
3 मई तक धूलभरी हवा से राहत नहीं
प्रदेश में 30 अप्रैल से पश्चिम विक्षोभ का असर दिख सकता है। इससे 3 मई तक 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली धूलभरी हवा चल सकती है। 1 से 3 मई तक कहीं-कहीं बूंदाबांदी या हल्की बारिश भी हो सकती है।
