लॉकडाउन: शहर की सडकों पर पसरा सन्‍नाटा, आवाजाही रोकने कई जगहों पर की बैरिकेडिंग

भोपाल । नए साल का पहला लॉकडाउन श‎निवार रात से प्रारंभ हो गया। शहर की सडकों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। इक्का-दुक्का लोग जरुरी कार्य से ही घर से बाहर ‎निकल पाए, वरना पूरा शहर घरों में कैद होकर रह गया। शहर के चौक-चौराहों पर जगह-जगह बैरिकेडिंग कर लोगों की आवाजाही रोक ‎दी गई। कोरोना के बढ़ते मरीजों को देखते हुए 21 मार्च से अगले आदेश तक हर रविवार को लॉकडाउन के आदेश शनिवार को भोपाल कलेक्टर अविनाश लवानिया ने जारी कर दिए हैं। इसके चलते शनिवार रात 10 बजे से सोमवार सुबह छह बजे तक कुल 32 घंटे के लिए शहर में लॉकडाउन प्रभावी हो गया। प्रतिबंधात्मक धारा 144 के तहत यह आदेश कलेक्टर ने जारी किए है। वहीं नियमों का पालन करवाने की कमान डीआइजी भोपाल इरशाद वली के हाथों में सौंपी गई है। कलेक्टर ने आदेश में स्पष्ट कर दिया है कि अनावश्यक रूप से कोई भी घूमता हुआ पाया गया तो उसके खिलाफ धारा 188 के तहत कार्रवाई की जाएगी। इसके तहत एक माह की जेल का प्रावधान है। यदि इस उल्लंघन से कोई मानव जीवन प्रभावित होता है या किसी के स्वास्थ्य को खतरा होता है तो छह माह तक की सजा होने का प्रविधान है। लॉकडाउन के चलते भोपाल शहर में शनिवार रात दस बजे के बाद से ही सन्‍नाटा पसर गया।

रविवार सुबह भी सड़कें सूनी नजर आईं। प्रशासन के आदेश के तहत शहर में सिर्फ दूध और दवाई की दुकानें खुलने की छूट मिली। सुबह कुछ लोग अपने घरों के आस-पास दूध लेने और मॉर्निंग वाक के लिए भी निकले, लेकिन उनकी संख्या आम दिनों के मुकाबले बहुत ही कम रही। शहर के बाहरी सीमा सहित अंदर भी पुलिस ने करीब 128 स्थानों पर बैरिकेडिंग की है। इसमें पांच से छह बाहरी सीमा में व 23 बीच शहर में और हर थाना क्षेत्रवार पांच-पांच जगहों पर आवाजाही रोकने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। वहीं गश्त के लिए टीम तैयार कर ली है, जो अनाउसमेंट कर लॉकडाउन का पालन कराएंगे। इस दौरान ढाई हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों का अमला शहर में जगह-जगह तैनात किया गया है। शहर में अंदर चलने वाली सिटी बसें तो बंद रहेंगी, लेकिन कुछ निर्धारित स्थानों से पीएससी परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है, ताकि कोई भी परीक्षार्थी लॉकडाउन की वजह से परीक्षा से वंचित न रहे। इन्हें बस, ट्रेन व अन्य वाहनों से आने-जाने में कोई प्रतिबंध नहीं होगा। वहीं परीक्षा कार्य से जुड़े अधिकारी और कर्मचारी भी लॉकडाउन में बिना रोक-टोक के आ जा सकेंगे।अत्यावश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी दफ्तर बंद रहेंगे। व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे। किराना दुकानें और  पार्क बंद रहेंगे। शराब दुकानें बंद रहेंगी। लॉकडाउन से मेडिकल स्टोर, अस्पताल खुले रहेंगे। प्रतियोगी परीक्षा वाले अभ्यर्थी,  आवश्यक वस्तुओं के परिवहन, औद्योगिक इकाई खुली रहेगी, वहीं मजदूरों के आने-जाने में भी कोई रोक नहीं रहेगी, नगर निगम सीमा में सार्वजनिक परिवहन हो सकेगा। 31 मार्च तक स्कूल कॉलेजों में शिक्षण कार्य पूरी तरह बंद रहेगा। 

Leave a Reply