1984 दंगों के वकील एचएस फूलका BJP में शामिल, पहले AAP से लड़ चुके हैं चुनाव

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के सीनियर वकील और आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) के पूर्व नेता एच.एस. फूलका (H.S. Phoolka) अब भाजपा (BJP) में शामिल हो गए हैं। उनकी पहचान 1984 के सिख विरोधी दंगों के वकील के तौर पर रही है। वह लंबे समय तक इस मामले में केस लड़ते रहे हैं। उन्होंने 2019 के आम चुनाव में आम आदमी पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा था, लेकिन पराजय हो गई थी। फूलका ने दिल्ली में भाजपा की सदस्यता ली। इस मौके पर भाजपा की ओर से कई सिख चेहरे मौजूद थे। इनमें सीनियर नेता और मंत्री हरदीप सिंह पुरी शामिल थे। इसके अलावा दिल्ली के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा, भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ इस मौके पर मौजूद थे।
यही नहीं पंजाब के प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ और प्रवक्ता अनिल बलूनी भी उपस्थित थे। फूलका को पार्टी में शामिल कराने के पीछे अगले साल होने वाले पंजाब चुनाव को देखा जा रहा है। माना जा रहा है कि एक सिख चेहरा और वह भी दंगों के वकील रहे नेता को एंट्री देने से भाजपा को फायदा मिल सकता है। भाजपा बीते कई दशकों से राज्य में सिखों के बीच पैठ बनाने की कोशिश कर रही है। अकाली दल के साथ सालों तक गठबंधन में रही भाजपा अब सूबे में अकेली है। ऐसे में हिंदू वोटरों की पार्टी का तमगा मिले रहने से ही भाजपा खुश नहीं होगी। इसीलिए वह चाहती है कि सिखों के बीच भी पैठ बने।
उनका स्वागत करते हुए हरदीप सिंह पुरी ने अपने इरादे भी स्पष्ट कर दिए और कहा कि इससे भाजपा को पंजाब में ताकत मिलेगी। उनका कहना था कि इससे पंजाब में संगठन भी मजबूत होगा। पहले भी भाजपा ने कई सिख चेहरों को एंट्री दी थी, लेकिन बहुत सफलता अब तक नहीं मिली है। इन नेताओं में कैप्टन अमरिंदर सिंह, नवजोत सिंह सिद्धू, रवनीत सिंह बिट्टू आदि प्रमुख हैं। हालांकि अब सिद्धू बाहर हैं। इस मौके पर फूलका ने भी बात की और कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी सरकार की लीडरशिप में जिस तरह के हालात हैं। उनसे निपटने का दम सिर्फ पीएम नरेंद्र मोदी ही रखते हैं।
रवनीत सिंह बिट्टू के खिलाफ चुनाव लड़े थे फूलका
फूलका ने कहा, ‘सिखों के मुद्दों पर पीएम मोदी ने निजी तौर पर रुचि दिखाई है। 1984 के दंगों को लेकर मेरे काम की उन्होंने सराहना की है।’ उन्होंने कहा कि भाजपा ने मदन लाल खुराना, सुषमा स्वराज और विजय कुमार मल्होत्रा जैसे नेताओं को आगे बढ़ाया। उन्होंने कहा कि सिखों के मसले पर भाजपा ने काफी काम किया था। इसलिए अब मैं उसमें शामिल हो रहा हूं। फूलका ने 2019 का चुनाव लुधियाना से रवनीत सिंह बिट्टू के खिलाफ लड़ा था और हार गए थे। अब रवनीत सिंह बिट्टू भाजपा के राज्यसभा सांसद हैं और केंद्र में मंत्री हैं।
