चिंता जताते रह गए चीन-पाक, सुखोई पर सवार ब्रह्मोस ने उड़ा दिया टारगेट

भारत ने दुनिया की सबसे तेज क्रूज मिसाइल ब्रम्होस का फाइटर जेट सुखोई-30 MKI से सफल परिक्षण किया. सुखोई से छोड़ी गई मिसाइल बंगाल की खाड़ी में अपने टारगेट पर हिट हुई.
यह पहला मौका है जब ब्रम्होस का परिक्षण किसी फाइटर जेट से दिया गया हो. इसके पहले इसे जमीन और लड़ाकू जहाज से दागा जा चुका है.
बता दें कि रूस की एनपीओ मशीनोस्ट्रोयेनिया और भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने इस कम दूरी की रैमजेट, सुपरसॉनिक क्रूज मिसाइल तो तैयार किया है.
इसकी सबसे ख़ास बात तो यह कि आदेश मिलते ही यह मिसाइल अपना रूट बदल सकती है. यही नहीं, रडार सिस्टम भी रफ़्तार के कारण धोखा खा जाते हैं.
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो इस मिसाइल के जरिए 400 किमी की दूरी तक हमला किया जा सकता है. साथ ही यह न्यूक्लियर वॉर हेड तकनीक से लैस होती है.
यही वजह है कि न्यूक्लियर वॉर हेड के डर से पाकिस्तान और चीन इस मिसाइल को लेकर पहले ही चिंता जता चुका है.
इसका नाम भारत की ब्रह्मपुत्र नदी और रूस की मसक्वा के नाम पर रखा गया है. यह अब तक की सुखोई द्वारा दागी गई सबसे भारी मिसाइल है. इसका वजन 2.5 टन बताया जा रहा है.
