घरेलू उपायों से दूर कर सकते हैं पीठ पर मुहांसों की समस्या

पीठ पर मुहांसे होने की सबसे बड़ी वजह भोजन में पौष्टिक तत्वों की कमी होती है। इसके अलावा अधिक मात्रा में मिर्च–मसालों का सेवन और मानसिक तनाव भी इसकी वजह बनता है। गर्भावस्था और मासिक धर्म में हार्मोन्स के बदलाव के कारण सिबेशियस ग्रंथियां ज्यादा सक्रिय हो जाती हैं। इनसे ऑयल भी ज्यादा निकलता है और मृत कोशिकाएं रोमछिद्रों के ऊपर जमा होकर ब्लेक हेड या व्हाइट हेड का रूप ले लेती हैं।
संतरे के छिलके
– संतरे के छिलकों को धूप में सुखाकर उन्हें पीसकर पाउडर बनाकर, पाउडर में हल्दी और शहद मिलाएं।
– इस मास्क को पीठ पर लगाएं और 10 मिनट बाद ठंडे पानी से धो डालें।
मुल्तानी मिट्टी
– मुल्तानी मिट्टी भी त्वचा के रोमछिद्रों को खोलती है और अतिरिक्त ऑयल को सोख लेती है।
– मुल्तानी मिट्टी को पीठ पर लगाएं। इससे पीठ के मुहांसों में काफी राहत मिलती है।
टमाटर
– पीठ के मुहांसे दाग–धब्बों के लिए टमाटर का पल्प काफी फायदेमंद होता है।
– इसमें एसिडिक गुण पाए जाते हैं।
– टमाटर काटकर रस निकालकर जूस को अपनी पीठ पर लगाएं और 20 मिनट बाद धो डालें।
एलोवेरा
– एलोवेरा के पल्प को 30 मिनट तक पीठ पर लगाकर रखें और ठंडे पानी से धो लें।
खीरा
– खीरा त्वचा के बंद रोमछिद्रों को खोलता है।
– खीरे को कद्दूकस कर उसे पीठ पर लगाएं। थोड़ी देर बाद उसे ठंडे पानी से धो लें।
जौ
जौ के आटे को पकाकर उसमें शहद मिलाकर ठंडा करके मुहांसों वाली जगह पर 20 मिनट तक लगा रहने दें और इसके बाद धो लें।
अन्य दूसरे टिप्स
1– हमेशा साफ–सुथरे सूती कपड़े पहनें जिससे त्वचा सांस ले सके। अगर पीठ पर मुहांसे हैं तो सिंथेटिक कपड़े से यह और ज्यादा बढ़ सकते हैं।
2– त्वचा के अनुरूप मॉश्चराइजर का इस्तेमाल करें। यह जरूरी नहीं है कि इससे त्वचा को ज्यादा नमी मिलेगी। मॉश्चराइजर से त्वचा को चिपचिपापन नहीं होगा।
3– अगर पीठ, वक्षस्थल या बाजू पर मुहांसे ज्यादा हैं तो इन पर बार–बार हाथ न लगाएं क्योंकि इससे भी संक्रमण बढ़ने का खतरा रहता है। इन्हें फोड़ने की तो गलती बिल्कुल न करें। इससे हमेशा के लिए निशान बन जाएंगे।
4. बॉडी को डिटॉक्स करने के लिए मौसमी फल व सब्जियां खाएं। दिन की शुरुआत गुनगुने पानी से करें। शहद और नींबू मिला लें और अच्छा।
5– दिन में एक या दो बार ग्रीन टी जरूर पिएं।
