बागपत में मंदिर की गद्दी के लिए मारपीट, महाराज की मौत

बागपत रमाला। किशनपुर बिराल गांव में सोमवार रात मंदिर के महाराज के दो गुटों के बीच मंदिर की गद्दी को लेकर हुई मारपीट हो गई, इसमें घायल एक महाराज की देर रात मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटना की जानकारी दी। पुलिस ने मंदिर के दो महाराज को हिरासत में लिया। किशनपुर बिराल गांव के शिव मंदिर में गद्दी को लेकर महाराज के दो गुटों के बीच विवाद चल रहा है। सोमवार की रात दोनों गुटों के बीच मारपीट हो गई, जिसमें एक पक्ष से महाराज कृष्ण गिरी और गंगा गिरी घायल हो गए थे और दूसरे पक्ष से राधे गिरी घायल हुए थे।
सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों का मेडिकल कराया। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी। इसके बाद महाराज वापस मंदिर चले गए। मंगलवार सुबह महाराज कृष्ण गिरी पुत्र श्रीपाल निवासी किशनपुर बिराल का शव मंदिर में उसके बिस्तर पर मृत हालत में पड़ा मिला। उसके शरीर पर चोट के निशान थे। इस दौरान वहां पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।
सूचना पर पहुंचे सीओ रामानंद कुशवाह ने ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली। पुलिस ने शव का पंचनामा भर उसे पोस्टमार्टम को भेजा। पुलिस ने मंदिर के दो महाराज को हिरासत में लिया। ग्रामीणों ने बताया कि दोनों गुटों के बीच गद्दी को लेकर विवाद काफी समय से चल रहा है। गद्दी को लेकर ही सोमवार की रात मंदिर में महाराज के दो गुटों के बीच मारपीट हुई थी। उसके चलते ही घटना को अंजाम दिया गया है। सीओ रामानंद कुशवाह ने बताया कि पुलिस ने दो महाराज को हिरासत में लेकर पूछताछ की। अभी तक इस मामले में कोई तहरीर नहीं आई है। पुलिस ने अपने स्तर से जांच शुरू कर दी है। उधर, महाराज की मौत से उसके परिवार में कोहराम मच गया। उसके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।
काफी समय से चल रहा है विवाद
ग्रामीणों ने बताया कि शिव मंदिर के मुख्य महाराज महावीर गिरी वृद्ध हो चुके हैं। उनके बाद मंदिर की गद्दी को संभालने के लिए मंदिर में रहने वाले अन्य महराजों में विवाद हो गया, जिसके चले वह दो गुटों में बंट गए। दोनों गुट गद्दी पर अपना अधिकार पाना चाहते थे। इसे लेकर ही सोमवार रात उनके बीच मारपीट हो गई थी।
ग्रामीणों ने बताया कि मारपीट में कृष्ण गिरी को इतनी चोट नहीं आई थी। वह अपना मेडिकल कराने के बाद मंदिर में आ गया था। वह ठीक-ठाक हालत में सोया था, लेकिन मंगलवार की सुबह वह अपने बिस्तर पर मृत पड़ा मिला। उसके शरीर पर चोट के निशान जरुर थे,लेकिन वह ऐसे नहीं थे कि जिससे उसकी मौत हो जाए। इंस्पेक्टर रमाला नरेश कुमार ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ है। बिसरा सुरक्षित कर लिया है। बताया कि बिसरा जांच के जाएगा।
