पुलिस की पिटाई से चोरी के आरोपी की किडनी फेल और ब्रेन हेमरेज से मौत; थाने में छोड़कर भागे सिपाही

सूरत. खटोदरा पुलिस की अवैध हिरासत में एक युवक की मौत और इंस्पेक्टर समेत 8 पुलिसकर्मियों के फरार हो जाने के बाद महकमे में हड़कंप मच गया है। चोरी के आरोप में शुक्रवार को हिरासत में लिए ओमप्रकाश पांडेय (25) नाम के युवक को इतनी बर्बरता से पीटा गया था कि खून के थक्के जम गए, किडनी फेल हो गई और ब्रेन हेमरेज हो गया। शनिवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
अस्पताल लाने के दौरान ही ऐसी हालत थी कि वेंटीलेटर पर रखना पड़ा। मामले का खुलासा होने के बाद शुक्रवार को जब पुलिसकर्मियों के खिलाफ केस दर्ज हो रहा था तभी सातों फरार हो गए। शनिवार रात तक एक भी आरोपी पुलिसकर्मी पुलिस के हाथ नहीं आ पाया।
पुलिस कमिनश्नर ने आठों पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। पुलिस की अवैध हिरासत में मारा गया युवक सूरत में पांडेसरा के विनायक नगर में रहता था। खटोदरा पुलिस ने ओम प्रकाश सहित उसके सगे भाई रामगोपाल और चचेरे भाई जयप्रकाश को चोरी के मामले में हिरासत में लिया था। पुलिस ने तो मौत की पुष्टि नहीं की, लेकिन अस्पताल गए विधायक हर्ष संघवी ने कहा कि ओम प्रकाश की मौत हो चुकी है।
बेहोश होने तक पीटते रहे, अधमरा होने पर लाए थे सिविल
भाई रामगोपाल की ओर से दर्ज रिपोर्ट के मुताबिक ओमप्रकाश से पुलिस स्टेशन की पहली मंजिल पर सर्विलांस स्टाफ पूछताछ कर रहा था। लाठी-डंडे और सरिया से इतनी बेरहमी से पीटा गया कि ओमप्रकाश बेहोश हो गया। अधमरी हालत में उसे सिविल अस्पताल लाए, जहां आईसीयू में लेना पड़ा। सिविल में वेंटीलेटर न होने पर निजी अस्पताल ले गए।
इन पर पिटाई और हत्या का आरोप
खटोदरा पीआई खिलेरी, सर्विलांस पीएसआई चिराग चौधरी, सर्विलांस स्टाफ के कल्पेश गारंभा, आशीष दिहोरा, हरेश चौधरी, परेश भूकण, दिलू और कनक सिंह दियोल के खिलाफ आईपीसी की धारा 330, 342, 324, 348, 34 तथा जीपी एक्ट की धारा 135 के तहत केस दर्ज कराया है। पीएसआई केपी जाडेजा ने भी आठों के खिलाफ धारा 224 के तहत मामला दर्ज करवाया है। दोनों भाई अब भी अवैध हिरासत में हैं। आरोपी पुलिसकर्मियों की तलाश जारी है।
चोरी का एक मामला पहले से दर्ज है
बताया गया कि मृतक ओमप्रकाश पर नागपुर में भी चोरी का एक मामला दर्ज है। सूरत में भी 25 से 30 हजार रुपए की चोरी का एक मामला पहले से दर्ज है।
