यूरोपीय संघ नहीं लगाएगा प्रतिबंध

लक्जमबर्ग । यूरोपीय संघ (ईयू) ने मालदीव को लेकर अपने रुख में बदलाव किया है। दरअसल, नए राष्ट्रपति इब्राहिम मोहम्मद सोलिह के कार्यकाल के बाद मालदीव के राजनीतिक हालात में सुधार हुए हैं जिसको देखते हुए यूरोपीय संघ ने उस पर प्रतिबंध नहीं लगाने का फैसला किया है। ईयू ने मालदीव के लोगों और वहां की संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाने के मकसद से एक कानूनी रूपरेखा तैयार की थी। पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल्ला यामीन ने अपने सभी मुख्य प्रतिद्वंद्वियों को जेल भेज दिया था या निर्वासित कर दिया गया था जिसके कारण पैदा हुए राजनीतिक संकट के बाद पिछले साल जुलाई में प्रतिबंधों की रूपरेखा तैयार की गई थी। यामीन को सितंबर में हार का सामना करना पड़ा था जिसके बाद सोलिह ने सत्ता संभाली थी। प्रतिबंधों की रूपरेखा का कभी इस्तेमाल नहीं किया गया और सोमवार को ईयू के विदेश मंत्रियों ने यहां एक बैठक में इसे औपचारिक रूप से रद्द कर दिया। 28 सदस्यों वाले यूरोपीय परिषद् ने एक बयान में कहा, राष्ट्रपति इब्राहिम मोहम्मद सोलिह के नवंबर 2018 में प्रशासन की बागडोर संभालने के बाद से राजनीतिक हालात में सुधार हुए हैं।
