गुजरात में स्थापित करेंगे विजुअलाइजेशन स्कूलः मुख्यमंत्री

अहमदाबाद | मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने राज्य में शिक्षा का दायरा बढ़ाने और छात्रों में पढ़ाई को लेकर समयानुकूल दिलचस्पी पैदा करने के उद्देश्य से गुजरात में विजुअलाइजेशन स्कूल स्थापित करने की मंशा व्यक्त की है। शनिवार को अहमदाबाद में हीरामणि स्कूल में ‘अटल टिंकरिंग लैब’ का उद्घाटन करते हुए उन्होंने यह विचार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि स्क्रीन और प्रोजेक्टर की सहायता से विजुअलाइजेशन द्वारा बच्चों को शिक्षा प्रदान कर गुजरात के बच्चों को दुनिया के समकक्ष बनाना है।
विजय रूपाणी ने कहा कि देश के विद्यार्थियों में बचपन से ही विज्ञान और टेक्नोलॉजी में रुचि पैदा हो इस मकसद से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अटल टिंकरिंग लैब योजना क्रियान्वित की है। इस योजना के तहत नीति आयोग द्वारा स्कूलों को प्रारंभ में 10 लाख रुपए की सहायता दी जाती है, बाद में प्रति वर्ष रखरखाव के लिए 2 लाख रुपए दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि इस योजना के अंतर्गत गुजरात में चयनित 250 स्कूलों में से हीरामणि स्कूल एक है। मुख्यमंत्री ने अध्ययन में विज्ञान और टेक्नोलॉजी के व्यापक उपयोग को आवश्यक बताते हुए कहा कि यह जरूरी है कि विज्ञान और तकनीक का उपयोग समाज कल्याण एवं राष्ट्र के विकास के लिए हो। उन्होंने कहा कि राज्य के गरीब या अमीर सभी छात्रों को समान अवसर मिले और उनमें निहित सुषुप्त शक्तियां उजागर हों इसके लिए अनेक शिक्षण केंद्रित योजनाएं सरकार ने कार्यान्वित की हैं। उन्होंने सरकार द्वारा शिक्षा के लिए सर्वाधिक बजट आवंटित कर गुजरात को देश भर में शिक्षा के क्षेत्र में भी मार्गदर्शक रोल मॉडल बनाने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।
जनसहायक ट्रस्ट के प्रमुख नरहरि अमीन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विदेशों में प्रवास करने के बाद विज्ञान एवं टेक्नोलॉजी का महत्व स्वीकार किया था। इसके लिए उन्होंने टिंकरिंग लैब की योजना लागू की है। यह टिंकरिंग लैब छोटे बच्चों की जिज्ञासाओं को शांत करेगी। उन्होंने कहा कि अहमदाबाद में इस योजना के तहत 16 स्कूलों का चयन किया गया है। हीरामणि स्कूल के लिए गौरव की बात है कि इस योजना के लिए उसका चयन किया गया। उन्होंने स्कूल में गुजराती भाषा को प्राथमिकता देने का भी जिक्र किया।
