बजट की तुलना लड़का-लड़की से करने पर सियासी बवाल

राजस्थान विधानसभा में राज्य बजट पर चर्चा के दौरान भाजपा विधायक बहादुर सिंह कोली के एक बयान ने सियासी विवाद खड़ा कर दिया। बजट बहस में भाग लेते हुए कोली ने भाजपा सरकार के बजट की तुलना “लड़के के जन्म” से और पूर्व कांग्रेस सरकार के बजट की तुलना “लड़की के जन्म” से कर दी। सोमवार शाम को बहस में हिस्सा लेते हुए MLA बहादुर सिंह कोली ने कहा कि हमारा बजट युवाओं का है, उनका बजट बुजुर्गों का है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि उनकी सरकार ने पहले ही बजट में “लड़के को जन्म दिया” और आगे भी ऐसा ही किया, जबकि जब अशोक गहलोत मुख्यमंत्री थे, तब आखिरी बजट में लड़की पैदा हुई, इसलिए कांग्रेस विपक्ष में बैठी है।
कांग्रेस का कड़ा विरोध
बयान के बाद मंगलवार को सदन में कांग्रेस विधायकों ने जोरदार विरोध दर्ज कराया। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने इसे भेदभावपूर्ण और आपत्तिजनक बताया। उन्होंने कहा कि आज भी बेटा-बेटी में भेद करने वाली सोच शर्मनाक है। उन्होंने सत्तापक्ष से इस पर स्पष्ट रुख बताने की मांग की और कहा कि बजट जैसे गंभीर विषय पर लैंगिक उपमा देना अनुचित है।
‘यह हमारी ब्रजभाषा है’
विवाद बढ़ने पर बहादुर सिंह कोली ने मीडिया से कहा कि उनके बयान में कुछ भी गलत नहीं है और यह उनकी ब्रजभाषा की अभिव्यक्ति है। उन्होंने कहा कि उन्होंने केवल “अच्छा बजट” पेश किए जाने की बात कही थी। हालांकि, उनके बयान को लेकर राजनीतिक गलियारों में बहस जारी है और विपक्ष इसे महिला सम्मान से जोड़कर मुद्दा बना रहा है।
