हरभजन सिंह की कप्तानी में खेला, अब ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में चमका भारतीय मूल का खिलाड़ी

ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट बोर्ड ने बांग्लादेश के खिलाफ होने वाली आगामी टी-20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के लिए भारतीय मूल के अनकैप्ड ऑलराउंडर निखिल चौधरी को टीम में शामिल कर सबको चौंका दिया है। दिल्ली में जन्मे निखिल चौधरी को स्टार बल्लेबाज ट्रेविस हेड की जगह ऑस्ट्रेलियाई टीम में जगह दी गई है। ऑस्ट्रेलिया के मुख्य चयनकर्ता टोनी डोडेमैड ने निखिल की प्रतिभा पर पूरा भरोसा जताया है और उम्मीद जताई है कि यह स्पिन गेंदबाजी ऑलराउंडर इस दौरे पर शानदार खेल दिखाएगा।
अगर 17 जून से चट्टोग्राम में शुरू होने वाली तीन मैचों की इस टी-20 सीरीज के दौरान निखिल को प्लेइंग-11 में खेलने का अवसर मिलता है, तो वे एक बड़ा इतिहास रच देंगे। वे पिछले 60 से अधिक वर्षों में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व करने वाले भारत में जन्मे पहले पुरुष क्रिकेटर बन जाएंगे।
हरभजन की कप्तानी और युवराज-गिल के साथ खेल चुके हैं घरेलू क्रिकेट
30 वर्षीय निखिल चौधरी का सफर बेहद दिलचस्प रहा है। ऑस्ट्रेलिया जाने से पहले वे भारत के घरेलू क्रिकेट में पंजाब की टीम का हिस्सा थे:
उन्होंने साल 2017 से 2019 के बीच पंजाब के लिए कुल 14 घरेलू मैच खेले, जिनमें 12 टी-20 मुकाबले शामिल हैं।
इस दौरान उन्होंने इंटर-स्टेट टी-20 टूर्नामेंट और प्रतिष्ठित सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी भाग लिया था।
इसके अलावा, वे विजय हजारे ट्रॉफी में पंजाब के लिए दो लिस्ट-ए मैच भी खेल चुके हैं।
खास बात यह है कि निखिल ने भारतीय दिग्गज हरभजन सिंह की कप्तानी में पंजाब की टीम से खेला था, जिसमें युवराज सिंह और वर्तमान भारतीय स्टार शुभमन गिल जैसे बड़े खिलाड़ी उनके साथी हुआ करते थे। इसके बाद वे आईपीएल में दिल्ली कैपिटल्स फ्रेंचाइजी का हिस्सा भी रहे।
बिना ऑस्ट्रेलियाई नागरिकता के ही राष्ट्रीय टीम में चयन
निखिल चौधरी के ऑस्ट्रेलियाई टीम में चुने जाने की कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट जैसी है। साल 2020 में निखिल क्वींसलैंड में रहने वाले अपने अंकल से मिलने ऑस्ट्रेलिया गए थे। इसी दौरान कोरोना (कोविड-19) महामारी फैल गई और ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने अपनी अंतरराष्ट्रीय सीमाएं पूरी तरह बंद कर दीं, जिससे निखिल वहीं फंस गए।
निखिल के पास वर्तमान में केवल एक अस्थायी वीजा (Temporary Visa) है, जो साल 2027 तक वैध है। उनके पास अभी तक ऑस्ट्रेलिया की स्थायी नागरिकता (नागरिक होने का प्रमाण) या परमानेंट रेजीडेंसी (PR) भी नहीं है। हालांकि, आईसीसी (ICC) के नियमानुसार, यदि कोई खिलाड़ी किसी देश में लगातार पांच साल तक रह लेता है, तो वह नागरिकता न होने के बावजूद उस देश की राष्ट्रीय टीम से खेलने के लिए पात्र हो जाता है। इसी नियम के तहत निखिल का चयन हुआ है।
बिग बैश लीग (BBL) में प्रदर्शन से पलटी किस्मत
ऑस्ट्रेलिया में फंसने के बाद निखिल ने ब्रिसबेन में ग्रेड क्रिकेट खेलना शुरू किया। वहां होबार्ट हरिकेंस के तत्कालीन बॉलिंग कोच जेम्स होप्स की नजर उनकी स्पिन गेंदबाजी और बल्लेबाजी पर पड़ी। इसके बाद निखिल को बिग बैश लीग (BBL) में खेलने का मौका मिला, जहां उन्होंने हरिकेंस के लिए लगातार तीन सीजन में धमाकेदार प्रदर्शन किया।
निखिल ने सीजन 2024-25 में होबार्ट हरिकेंस को बीबीएल का खिताब जिताने में सबसे मुख्य भूमिका निभाई थी। इसके बाद उन्होंने तस्मानिया राज्य की टीम के लिए लिस्ट-ए और प्रथम श्रेणी (फर्स्ट क्लास) क्रिकेट में डेब्यू किया, जहां उन्होंने शेफील्ड शील्ड टूर्नामेंट में एक शानदार शतक जड़ने के साथ-साथ एक मैच में पांच विकेट लेने का कारनामा भी किया था।
बांग्लादेश के खिलाफ टी-20 सीरीज के लिए पूरी ऑस्ट्रेलियाई टीम:
मिचेल मार्श (कप्तान), जैवियर बार्टलेट, निखिल चौधरी, कूपर कोनोली, टिम डेविड, जोएल डेविस, नाथन एलिस, कैमरन ग्रीन, आरोन हार्डी, जोश इंग्लिस, स्पेंसर जॉनसन, मैथ्यू कुहैनमैन, रिले मेरेडिथ, जोश फिलिप, मैथ्यू रेनशॉ और एडम जांपा।
