चढ़ावा चोरी कांड में बड़ा एक्शन, ट्रस्ट महासचिव चंपत राय ने दिया इस्तीफा

अयोध्या: अयोध्या के प्रसिद्ध राम मंदिर में सामने आया चंदा (चढ़ावा) चोरी का मामला अब बेहद गरमा गया है। इस बड़े विवाद के बीच श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में बहुत बड़ा फेरबदल हुआ है। ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और प्रमुख ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। सूत्रों के मुताबिक, मंदिर निर्माण प्रभारी गोपाल राव को भी मंदिर की व्यवस्थाओं से बाहर कर दिया गया है। चंपत राय के पास पूरे मंदिर की मुख्य जिम्मेदारी थी, जबकि अनिल मिश्रा और गोपाल राव भी मंदिर व्यवस्था में बड़ी भूमिका निभा रहे थे। हाल ही में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के अयोध्या दौरे के समय चंपत राय को दूर रखा गया था, जिसके बाद से ही उन्हें हटाए जाने की सुगबुगाहट तेज हो गई थी। अब जल्द ही ट्रस्ट का पुनर्गठन (नया गठन) किया जा सकता है।
एसआईटी (SIT) की रिपोर्ट के बाद हुई गिरफ्तारियां
यह मामला पहली बार 7 जून को सामने आया था, जिसके बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने 13 जून को एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया था। एसआईटी ने 23 जून को गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय प्रसाद को अपनी शुरुआती रिपोर्ट सौंपी। रिपोर्ट के ठीक दो दिन बाद, गुरुवार देर शाम ट्रस्ट के सदस्य कृष्ण मोहन की शिकायत पर पहली एफआईआर (FIR) दर्ज की गई और मंदिर व्यवस्था से जुड़े 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस आज इन सभी को कोर्ट में पेश करेगी। हालांकि, इस एफआईआर में चंपत राय या डॉ. अनिल मिश्रा जैसे बड़े पदाधिकारियों के नाम शामिल नहीं हैं।
गिरफ्तार आरोपियों में बड़े पदाधिकारियों के रिश्तेदार शामिल
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए 8 आरोपियों में रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू (चंपत राय का ड्राइवर), लवकुश मिश्रा, अनुकल्प मिश्रा, मनीष यादव, अविनाश शुक्ला, करुणेश पांडेय, सुभाष चंद्र श्रीवास्तव और रमाशंकर मिश्रा शामिल हैं। जांच में सामने आया है कि आरोपी अनुकल्प और लवकुश आपस में जीजा-साले हैं और ये दोनों ट्रस्टी अनिल मिश्रा के रिश्तेदार बताए जा रहे हैं। वहीं, आरोपी मनीष यादव ड्राइवर टिन्नू का भतीजा है।
मामले पर तेज हुई देशव्यापी सियासत
इस बड़े खुलासे के बाद देश की राजनीति में भूचाल आ गया है और बड़े नेताओं के बयान सामने आ रहे हैं:
संजय राउत (शिवसेना यूबीटी): उन्होंने सोशल मीडिया हैंडल 'X' पर सवाल उठाते हुए पूछा कि राम मंदिर के लिए उद्धव ठाकरे द्वारा दान की गई 4 किलो चांदी कहाँ गई? अब इस चोरी की जवाबदेही तय होनी चाहिए।
अरविंद केजरीवाल (पूर्व मुख्यमंत्री, दिल्ली): शुक्रवार को रामलला के दर्शन करने पहुंचे केजरीवाल ने कहा कि मंदिर में चोरी करना महापाप है। दर्ज की गई एफआईआर महज एक दिखावा है, जिसके जरिए बड़े लोगों को बचाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की।
योगी आदित्यनाथ (मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश): इस पूरे विवाद पर कड़ा रुख अपनाते हुए मुख्यमंत्री ने साफ कहा है कि आस्था के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सनातन धर्म के मूल्यों को ठेस पहुंचाने वाले अपराधियों के खिलाफ सरकार 'जीरो टॉलरेंस' (कठोर नीति) के तहत सख्त से सख्त कार्रवाई करेगी।
