पटना कोर्ट में आज खान सर केस की सुनवाई, सबकी नजर फैसले पर

पटना पटना के कदमकुआं थाना क्षेत्र में स्थित एक प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थान के पास हुई गोलीबारी और हथियारों के अवैध प्रदर्शन के मामले ने कानूनी रूप ले लिया है। इस चर्चित प्रकरण में मुख्य आरोपी और खान ग्लोबल स्टडीज के निदेशक फैजल खान उर्फ खान सर की अग्रिम जमानत याचिका पर स्थानीय अदालत में एक बार फिर महत्वपूर्ण सुनवाई होने जा रही है। इस मामले में पुलिसिया कार्रवाई और अदालती रुख पर पूरे शहर की निगाहें टिकी हुई हैं, क्योंकि मामला एक बेहद लोकप्रिय शिक्षक और उनके संस्थान से जुड़ा हुआ है।

सहकर्मियों की याचिकाओं पर भी प्रधान जिला जज की अदालत में विचार

फैजल खान के साथ-साथ इस पूरे विवाद में नामजद उनके तीन अन्य सहयोगियों अजीत कुमार, कन्हैया कुमार सिंह और अंकित कुमार पाण्डेय की मुश्किलों पर भी आज फैसला हो सकता है। इन तीनों आरोपियों की ओर से पटना के प्रधान जिला जज की अदालत में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दाखिल की गई है, जिस पर मुख्य याचिका के साथ ही विचार किया जाएगा। बचाव पक्ष और अभियोजन पक्ष के बीच कानूनी बारीकियों को लेकर कोर्ट रूम में तीखी बहस होने के आसार जताए जा रहे हैं।

पुराने आपराधिक रिकॉर्ड को छिपाने के आरोपों पर वकीलों में तीखी बहस

इस मामले की पिछली अदालती कार्यवाही के दौरान शिकायतकर्ता रौशन आनंद के वकील ने खान सर की जमानत का पुरजोर विरोध किया था। उन्होंने दलील दी थी कि आरोपी पर पूर्व में भी एक आपराधिक मामला दर्ज था, जिसकी जानकारी उन्होंने इस याचिका में जानबूझकर छिपाई है। इसके जवाब में खान सर के वरिष्ठ अधिवक्ता अरविंद कुमार मउआर ने अदालत के समक्ष स्पष्ट किया कि उस पुराने मामले में अदालत पहले ही खान सर को ससम्मान बरी कर चुकी है, इसलिए उसे छिपाने का कोई इरादा नहीं था। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद इस पर लिखित जवाब और पूरक आवेदन दाखिल करने का निर्देश दिया था।

गिरफ्तारी पर मिली अंतरिम राहत और पुलिसिया जांच का पूरा घटनाक्रम

पूरे विवाद की शुरुआत खान सर के कोचिंग संस्थान के पास हुई फायरिंग के एक सोशल मीडिया वीडियो से हुई थी, जिसके आधार पर कदमकुआं थाना पुलिस ने जून 2026 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और आर्म्स एक्ट की गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया था। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए खान सर के दो निजी सुरक्षा गार्डों को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था, जिनकी जमानत पर भी सुनवाई लंबित है। फिलहाल राहत की बात यह है कि अदालत ने फैजल खान और उनके सहयोगियों को गिरफ्तारी से दी गई अंतरिम सुरक्षा की अवधि को सुनवाई के दिन तक के लिए बढ़ा दिया था।

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