DGP की आपत्ति के बाद बड़ा फैसला, IPS सुमन गुप्ता का केंद्रीय डेपुटेशन NOC रद्द

रांची: झारखंड कैडर की वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी और वर्तमान में एडीजी रेल के पद पर कार्यरत सुमन गुप्ता के केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जाने से जुड़े अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) को गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा रद्द कर दिया गया है। यह प्रशासनिक फैसला डीजीपी तदाशा मिश्रा द्वारा दर्ज कराई गई आपत्ति के बाद सामने आया है। इस घटनाक्रम से राज्य के प्रशासनिक और पुलिस महकमे में हलचल मच गई है।
प्रक्रियात्मक नियमों का पालन न होने पर रद्द हुआ एनओसी
डीजीपी ने मुख्य सचिव को लिखे पत्र में स्पष्ट किया है कि केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के लिए जारी एनओसी निर्धारित नियमों और प्रक्रिया का पालन किए बिना जारी किया गया था। इस मामले में पुलिस मुख्यालय की आवश्यक अनुशंसा नहीं ली गई थी, जिसके कारण इस अनापत्ति प्रमाण पत्र पर पुनर्मूल्यांकन और पुनर्विचार की जरूरत महसूस की गई।
प्रतिनियुक्ति आवेदन और विभागीय प्रक्रिया में खामी
पूरा मामला प्रतिनियुक्ति के आवेदन को भेजने की व्यवस्था से जुड़ा है। एडीजी रेल ने डीजी रेल के माध्यम से अपना आवेदन सीधे गृह विभाग को भेज दिया था। स्थापित नियमों के अनुसार किसी भी अधिकारी का आवेदन सबसे पहले पुलिस मुख्यालय आना चाहिए, जहाँ सेवा पुस्तिका और संबंधित दस्तावेजों की पूरी जाँच के बाद ही इसे आगे गृह विभाग को भेजा जाता है।
प्रशासनिक पारदर्शिता और नियमावली पर विशेष जोर
डीजीपी के अनुसार यह कदम किसी व्यक्ति विशेष के विरोध में नहीं उठाया गया है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है। नियमों की अनदेखी पर ध्यानाकर्षण कराते हुए मुख्य सचिव से पूर्व में जारी अनुमति पर पुनर्विचार करने का औपचारिक आग्रह किया गया था।
केंद्रीय गृह मंत्रालय से निर्णय स्थगित करने का आग्रह
डीजीपी की आपत्ति के बाद गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने त्वरित कार्रवाई की है। विभाग ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर पूर्व में भेजे गए एनओसी को रद्द करने का अनुरोध किया है और स्पष्ट किया है कि इस प्रतिनियुक्ति प्रस्ताव पर फिलहाल कोई अंतिम फैसला न लिया जाए।
