संसद में प्रियंका गांधी की टिप्पणी पर बवाल, रिजिजू बोले- यह चरित्र हनन, माफी जरूरी

नई दिल्ली। संसद के निचले सदन यानी लोकसभा में 'सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026' पर चर्चा के दौरान जोरदार हंगामा देखने को मिला। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने नए शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी को लेकर एक विवादित टिप्पणी कर दी, जिस पर सत्ता पक्ष ने कड़ी आपत्ति जताई। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने इसे चरित्र हनन करार देते हुए टिप्पणी को सदन की कार्यवाही से हटाने और प्रियंका गांधी से माफी मांगने की मांग की।
प्रियंका गांधी का प्रह्लाद जोशी पर विवादित बयान
विधेयक पर चर्चा के दौरान कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी काफी आक्रामक अंदाज में नजर आईं। उन्होंने सरकार और प्रधानमंत्री पर हमले बोलते हुए नए शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी का जिक्र किया। प्रियंका गांधी ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने एक ऐसे व्यक्ति को शिक्षा मंत्री चुना, जिन्होंने एक गर्भवती महिला के साथ हुए दुष्कर्म के दोषियों की रिहाई पर सहमति और खुशी जताई थी। उन्होंने सवाल उठाया कि इस तरह की नियुक्ति से देश की करोड़ों महिलाओं को क्या संदेश दिया जा रहा है। उनके इस बयान के तुरंत बाद सदन में भारी शोर-शराबा शुरू हो गया और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी उन्हें टोकते हुए मर्यादा बनाए रखने का निर्देश दिया।
किरेन रिजिजू ने बताया चरित्र हनन
प्रियंका गांधी की टिप्पणी का पुरजोर विरोध करते हुए संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री के खिलाफ की गई यह टिप्पणी पूरी तरह से चरित्र हनन के समान है। उन्होंने कहा कि विपक्ष की ओर से इस प्रकार की अभद्र भाषा की उम्मीद नहीं की जाती। रिजिजू ने अध्यक्ष से मांग की कि इस टिप्पणी को तत्काल प्रभाव से सदन के रिकॉर्ड से हटाया जाए और सांसद को अपने शब्दों के लिए संसद से माफी मांगनी चाहिए।
प्रह्लाद जोशी ने आरोपों को नकारा और कार्रवाई की मांग की
अपने ऊपर लगे आरोपों पर भड़कते हुए शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सदन में खड़े होकर प्रियंका गांधी के दावों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि बिना किसी प्रमाण के गलत जानकारी फैलाना और निराधार आरोप लगाना अत्यंत गंभीर बात है। प्रह्लाद जोशी ने मांग की कि प्रियंका गांधी को अपने आरोपों की सत्यता सिद्ध करनी चाहिए, अन्यथा गलत तथ्य पेश करने के मामले में उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
सदन के बाहर प्रियंका गांधी का पलटवार
सदन की कार्यवाही के बाद संसद परिसर के बाहर मीडिया से बात करते हुए प्रियंका गांधी अपने बयान पर कायम दिखीं। उन्होंने कहा कि उनके पास इस बयान से जुड़े वीडियो मौजूद हैं और वे संसद में दिए अपने बयान की पूरी पुष्टि करेंगी। प्रियंका गांधी ने आगे कहा कि एक ओर जहां देश में महिलाओं के अधिकारों, आरक्षण और उनके सशक्तिकरण की बात की जा रही है, वहीं दूसरी ओर इस तरह के निर्णयों से समाज में अत्यंत नकारात्मक संदेश जाता है।
