रेलवे की खाली जमीनों पर होंगे विकास कार्य, स्क्रैप बिक्री से मिले 2.71 करोड़

भोपाल। रेलवे परिसरों में लंबे अर्से से पड़े कबाड़ और अनुपयोगी सामान को हटाकर भूमि का सदुपयोग करने की पहल के तहत भोपाल मंडल द्वारा अक्टूबर माह में एक विशेष स्वच्छता एवं निस्तारण अभियान संचालित किया गया। इस एक माह की समयावधि में मंडल ने लगभग 2 करोड़ 71 लाख रुपये मूल्य का स्क्रैप सफलतापूर्वक नीलाम किया। इस अभियान के दायरे में मुख्य रूप से पुरानी और जर्जर रेल पटरियाँ तथा निष्प्रयोज्य (कंडम) हो चुके रेल कोच सम्मिलित रहे। कबाड़ के इस त्वरित निस्तारण से भोपाल मंडल के अंतर्गत कुल 2,946 वर्गफीट भूमि को अतिक्रमण मुक्त एवं उपयोगी बनाया गया है।
यार्डों और पटरियों के किनारों से हटाया गया मलबा
इस विशेष मुहिम के दौरान करीब 2043 सीटीयू (स्वच्छता लक्ष्य इकाई) स्क्रैप का व्यवस्थित निस्तारण सुनिश्चित किया गया। इस सकारात्मक पहल से एक ओर जहाँ रेलवे के राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, वहीं दूसरी ओर स्टेशनों, रेलवे यार्डों तथा अन्य परिसरों में लंबे समय से जमा पड़े बेकार सामान से पटी पड़ी जमीन को भी खाली कराया गया है।
खाली हुई भूमि का परिचालन कार्यों में होगा उपयोग
अब रेलवे इन मुक्त कराई गई जगहों का इस्तेमाल अपने सुगम रेल परिचालन, रख-रखाव तथा भविष्य की विकास योजनाओं को अमलीजामा पहनाने के लिए करेगा। अपर मंडल रेल प्रबंधक (एडीआरएम) अभिराम खरे ने इस संबंध में जानकारी साझा करते हुए बताया कि अक्टूबर माह में चलाए गए इस विशेष अभियान का मुख्य उद्देश्य बेकार पड़ी रेलवे सामग्री का समयबद्ध तरीके से निपटारा करना और खाली हुई बेशकीमती भूमि का अधिक से अधिक बेहतर उपयोग सुनिश्चित करना है।
