उपचुनाव के बाबजूद भी मध्यप्रदेश शासन व्यापारियों एवं आमजन पर नये कर थोप रही है: कैट
ग्वालियर| मध्यप्रदेश की 28 सीटों पर उपचुनाव के बाबजूद भी मध्यप्रदेश सरकार संपत्तिकर को कलेक्टर गाइड लाइन से जोडने का प्रावधान कर रही हैं जो की व्यापारियों और आमजन केे लिये बहुत कष्ट दायक है। इस नई गाइड लाइन में यदि कलेक्टर गाइड लाइन बढती है तो संपत्तिकर बढेगा यदि कम होती है तो संपत्तिकर कम नहीं होगा। यह जो दोहरा क्रम सरकार का है यह भी उचित नहीं है।
कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने इसका विरोध करते हुये पूरे मध्यप्रदेश के व्यापारियों से एक जुट होने का आव्हान किया है। गत दिनों जैसे ही इस प्रस्ताव के संबंध में जानकारी प्राप्त हुई कैट ने मध्यप्रदेश के सभी जिलों से माननीय मुख्यमंत्री जी को इसके पत्र भेजे। लेकिन शायद राज्य सरकार बिना आमजन की सहमति एवं व्यापारियों की चिन्ता किये हुये इस टैक्स को लागू करना चाहती है।
कैट मध्यप्रदेश के अध्यक्ष भूपेन्द्र जैन, महामंत्री मुकेश अग्रवाल, कोषाध्यक्ष मनौज चौरसिया एवं जिला संयोजक दीपक पमनानी, अध्यक्ष रवि गुप्ता, महामंत्री मुकेश जैन ने पुनः मुख्यमंत्री जी को पत्र लिखकर इस नये प्रावधान को रोकने का आग्रह किया है। अभी कोविड-19 के कारण सम्पूर्ण अर्थ व्यवस्था में परेशानी का सामना आमजन और व्यापारी कर रह है। इसलिये संपत्तिकर के नये प्रावधानों को लागू न किया जाये।
