नौकरी ट्यूब प्रोफाइल

नौकरी ट्यूब प्रोफाइल

आज पूरी दुनिया कोरोना जैसे बेहद गंभीर वायरस की चपेट में है। इसके कारण दुनियाभर में आर्थिक संकट भी छाया हुआ है। इस आर्थिक संकट ने बड़े-बड़े उद्योग घरानों की भी कमर तोड़कर रख दी है। दुनिया के साथ हमारे देश में भी लोगों की नौकरियों पर संकट आया है। कई उद्योग बंद हो गए हैं तो कई जगह बड़ी संख्या में छंटनी की गई है। इसके कारण बड़ी तेजी से नौकरियों में कमी आई है। युवाओं के लिए पहले से ही रोजगार की उपलब्ध बेहद कम थी, अब कोरोना वायरस के कारण नौकरियां ही नहीं बची हैं। आज कई प्रोफेशनल्स, कई युवा बेरोजगार होकर घर बैठे हुए हैं। ऐसे समय में लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए नौकरी ट्यूब की परिकल्पना की गई, जो लाखों बेरोजगारों के सपनों को पूरा करने का काम कर रही है।
 

क्यों है जरूरत?

आज का दौर पूरी तरह सेे डिजीटल का दौर है। तमाम सरकारें भी डिजीटल को बढ़ावा देने में लगी हुई है। केंद्र सरकार अपना पूरा फोकस डिजीटल पर कर रही है। ऐसे समय में डिजीटल की महत्ता को समझा जा सकता है। यही कारण है कि नौकरी ट्यूब की परिकल्पना को साकार रूप दिया गया है। नौकरी ट्यूब के माध्यम से आप अपने लिए एक बेेहतर विकल्प तलाश सकते हैं। रोजगार की तलाश करने वालों केे लिए नौकरी ट्यूब ऐसा माध्यम बनकर उभरा है, जो सपनों कोे पंख लगा रहा है।
 

पेपरलेस वर्क-

आज के दौर में चाहे बड़े कारपोरेट घराने हो, सरकारी कार्यालय हो या फिर अन्य मल्टीनेशनल कंपनियां, हर जगह पेपरलेस वर्क को प्राथमिकता दी जा रही है। सरकारी कार्यालयों को भी स्मार्ट लुक दिया जा रहा है और वहां पर पेपर वर्क को पूरी तरह से समाप्त करने की तैयारियां चल रही है। ऐसे समय में नौकरी ट्यूब भी पेपरलेस रिज्यूम का एक बेहतर माध्यम है। नौकरी ट्यूब पर आप अपनी प्रोफाइल का एक वीडियो बनाकर अपलोड कर सकते हैं। इसके अलावा आॅनलाइन अपना रिज्यूम भेज सकते हैं, जिससे पेपर के साथ ही आपका कीमती समय भी बचेगा।
 

इसलिए की परिकल्पना-

 

     नौकरी ट्यूब  के संस्थापक  के श्रीनिवास राव कहते हैं कि “हमारा लक्ष्य कंपनियों को स्कील्ड एवं बेहतर एम्लाईज उपलब्ध कराना है, ताकि कंपनियों को इसके लिए ज्यादा परेशान न होना पड़े और उन्हें बेहतर कर्मचारी मिल सकें। वे कहते हैं कि उन्होंने भी टीवी टुडे, आईसीसीपीएल, रिलायंस बिग सहित कई बड़े कारपोरेट घरानों के साथ काम किया है। इस दौरान उनके अनुभव बताते हैं कि आज भी स्कील्ड लोगों की कमी हर सेक्टर में बनी हुई है। वे कहते हैं कि नौकरी ट्यूब की परिकल्पना इसलिए की गई, ताकि कंपनियों को बेहतर एम्लाईज तो मिले, लेकिन अच्छे एवं स्कील्ड युवाओं को बेहतर नौकरी भी मिले। इसके लिए जरूरी है कि उन्हें एक आॅनलाइन प्लेटफार्म उपलब्ध कराया जाए।

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