केंद्र ने कहा- महाराष्ट्र में दूसरी लहर की शुरुआत, सीएम उद्धव ठाकरे को लिखा पत्र

मुंबई। महाराष्ट्र में कोरोना की दोबरा से बिगड़ती स्थिति के बाद केंद्र ने कहा है कि राज्य दूसरी लहर की शुरुआत में है। सरकार ने इसके संबंध में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को पत्र लिखा है। कुछ समय पहले केंद्र की एक टीम राज्य में स्थिति का आकलन करने पहुंची, जिसके बाद राज्य सरकार को यह पत्र लिखा गया है। एक्सपर्ट्स ने राज्य में सावधानियों की कमी का बड़ा कारण बताया है। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण की तरफ से लिखे गए पत्र में कहा गया है 'महाराष्ट्र कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर की शुरुआत में है। यहां ट्रैक, टेस्ट, आइसोलेट केस और संपर्कों को क्वारंटाइन करने के बहुत ही सीमित प्रयास किए जा रहे हैं हैं। साथ ही राज्य में कोविड नियमों का उल्लंघन हो रहा है। शहरी और ग्रामीण इलाके के लोगों के बीच कोविड रोकथाम को लेकर सावधानियां नहीं हैं।' केंद्र की टीम ने पाया है कि कोविड प्रसार को काबू करने के लिए बीते साल अगस्त और सितंबर के स्तर की व्यवस्था को फिर से लागू करना होगा। पत्र में अस्पतालों में भर्ती मरीजों के बीच बढ़ी मृत्यु दर की भी बात कही गई है। पत्र में औरंगाबाद के शासकीय मेडिकल कॉलेज और नाशिक के वसंत राव पवार मेडिकल कॉलेज का जिक्र किया है।
केंद्रीय टीम ने पाया है कि पॉजिटिव मिल रहे मरीजों की संख्या ज्यादा थी। यह आंकड़ा मुंबई में 5.1 से लेकर औरंगाबाद में 30 फीसदी तक था। इसका मतलब है कि ऐसे कई मामले थे, जिनकी जांच नहीं की गई थी और समुदाय में प्रसार काफी ज्यादा था। पत्र में कहा गया है कि सीमित कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और एसिम्प्टोमैटिक और प्री-सिम्प्टोमैटिक की बड़ी संख्या को न ही ट्रैक किया गया और न जांच की गई। सचिव ने चेतावनी दी है कि जिला प्रशासन बदलते हालात को लेकर चिंतित नहीं है। उन्होंने जिला प्रशासन को स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुसार, कंटेनमेंट रणनीति अपनाने के लिए कहा है। बीते दिन महाराष्ट्र में 15 हजार से ज्यादा नए कोविड मामले आए हैं। वहीं, 24 घंटों में 48 लोगों की मौत हो गई। कोविड स्थिति की जांच के लिए राज्य सरकार ने कई तरह की पाबंदियां लगाई हैं। साथ ही सार्वजनिक जगहों के लिए गाइडलाइंस भी जारी की गईं हैं।
