90 वर्ष की आयु में निधन: लोकतंत्र सेनानी शंभू दयाल शर्मा को गार्ड ऑफ ऑनर के साथ अंतिम विदाई

भिंड : लोकतंत्र सेनानी चौधरी शंभू दयाल शर्मा का 90 वर्ष की उम्र में निधन हो गया है. उन्होंने बुधवार सुबह अपने मेहगांव स्थित निवास पर अंतिम सांस ली. उनके निधन के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है. वहीं, उनका अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया गया.
अंतिम दर्शन को उमड़ी भीड़
मेहगांव निवासी लोकतंत्र सेनानी शंभू दयाल शर्मा ने बुधवार सुबह करीब 11 बजे अपने निवास पर ही अंतिम सांस ली. उनके निधन की खबर मिलते ही सैकड़ों की संख्या में स्थानीय और उनके परिचित लोग उनके निवास पर अंतिम दर्शन के लिए उमड़ पड़े. हालांकि, उनका अंतिम संस्कार मेहगांव के मुक्तिधाम में राजकीय सम्मान के साथ किया गया. यहां पुलिस ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया.
निधन की जानकारी मिलते ही पहुंचे पुलिस अधिकारी
लोकतंत्र सेनानी शंभू दयाल शर्मा के निधन की जानकारी मिलते ही प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे. मेहगांव के तहसीलदार राजकुमार नागोरिया ने जहां स्वर्गीय शम्भू दयाल के पार्थिव देह पर तिरंगा ओढ़ाकर श्रद्धांजलि दी. तो मेहगांव थाना प्रभारी महेश शर्मा सहित अन्य पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने पुष्पांजलि अर्पित की.
17वीं बटालियन ने दिया गार्ड ऑफ ऑनर
अंतिम संस्कार के दौरान भिंड जिला मुख्यालय से एसएएफ 17वीं बटालियन से पहुंची पुलिस जवानों की टुकड़ी ने शंभू दयाल शर्मा को अंतिम विदाई दी. लोकतंत्र सेनानी को गार्ड ऑफ ऑनर देते हुए बंदूकें झुकाकर सलामी दी गई. अंतिम संस्कार की सभी विधियां मेहगांव मुक्तिधाम में पूरी की गईं, जिसके बाद उनके बड़े बेटे मुकेश चौधरी ने मुखाग्नि दी.
आपातकाल के दौरान मीसा एक्ट के तहत जेल में रहे थे शर्मा
शम्भू दयाल शर्मा भारत में पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी द्वारा लगाए गए 1975 के आपातकाल के दौरान मीसा यानी आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था अधिनियम के तहत गिरफ्तार हुए थे और कई महीनों तक जेल में भी रहे थे. हालांकि, लोकतंत्र सेनानी होने के साथ ही शर्मा लगातार मेहगांव क्षेत्र में वरिष्ठ समाज सेवी के रूप में भी जाने जाते थे और सामाजिक कार्यों के लिए अक्सर आगे आते थे. उनके निधन के बाद पूरे मेहगांव क्षेत्र में शोक की लहर है.
