इटारसी में अंधे कत्ल का खुलासा, एमपी पुलिस ने बिहार से खोज निकाला आरोपी

नर्मदापुरम: इटारसी में नागपुर आउटर रेलवे लाइन के करीब 6 जनवरी को अज्ञात युवती की हत्या के मामले में इटारसी पुलिस ने एक माह के भीतर बड़ा खुलासा किया है. पुलिस ने इस अंधे कत्ल का पर्दाफाश करते हुए आरोपी को बिहार से गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान रोहतास जिला निवासी रिजवान खान (24) के रूप में हुई है. आरोपी ड्राइवर का काम करता है.
6 जनवरी को इटारसी यार्ड में मिला था युवती का शव
पुलिस के अनुसार, बीते 6 जनवरी को नाला मोहल्ला निवासी आविद खान ने सूचना दी थी कि यार्ड रोड पर एक युवती का शव पड़ा है. सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू की. जांच के दौरान प्रथम दृष्टया मामला हत्या का पाए जाने पर अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया गया.
2000 सीसीटीवी फुटेज खंगाली पुलिस
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक नर्मदापुरम के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई. जांच के दौरान पुलिस ने लगभग 2000 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली. साइबर सेल की मदद से तकनीकी साक्ष्य जुटाए गए. सीसीटीवी के आधार पर संदिग्ध का हुलिया और मृतिका के कपड़ों की पहचान कर फोटो सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से प्रसारित की गई.
बिहार के भोजपुर की थी युवती
तकनीकी डाटा और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम बिहार के रोहतास जिले के कच्छवा थाना क्षेत्र पहुंची, जहां से संदिग्ध को हिरासत में लिया गया. पूछताछ में उसने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया. आरोपी ने मृतिका की पहचान रिहाना खातून निवासी भोजपुर (बिहार) के रूप में की.
सुनसान स्थान पर वारदात को दिया अंजाम
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी और मृतिका एक-दूसरे को पहले से जानते थे और बीते कुछ महीने से चंद्रपुर (महाराष्ट्र) में रह रहे थे. मृतिका आरोपी से विवाह का दबाव बना रही थी, जबकि आरोपी इससे बचना चाहता था. इसी विवाद के चलते दोनों 4 फरवरी को चंद्रपुर से इटारसी पहुंचे, जहां आरोपी ने सुनसान स्थान पर वारदात को अंजाम दिया. आरोपी को न्यायालय में पेश कर 12 फरवरी तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है. पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य साक्ष्यों की जांच जारी है.
नर्मदापुरम एसपी सांई कृष्ण थोटा ने बताया, "आरोपी इस घटना को अंजाम देने के बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए इटारसी से हावड़ा गया. जहां से वह हरदा चला गया था. पुलिस उसकी तलाश में महाराष्ट्र तक भटकी. जब एमपी के तीन स्टेशन खंडवा, बुरहानपुर की तलाश की तो उन्हें कोई उम्मीद नहीं मिली. जब आखिरी स्टेशन हरदा की लोकेशन मिली तो पता चला कि आरोपी वहां से कामायनी एक्सप्रेस से बैठकर बिहार चला गया था, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी को तलाशते हुए बिहार पहुंची और उसे गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की."
