नीतीश कुमार 13 अप्रैल को CM पद से इस्तीफा दे सकते हैं, राज्यसभा सदस्य बनने की तारीख भी सामने

पटना. बिहार (Bihar) के मुख्यमंत्री (CM) नीतीश कुमार (Nitish Kumar) 10 अप्रैल को राज्यसभा सदस्य (Member of Rajya Sabha) के रूप में शपथ लेंगे। इसके लिए वह संभवतः 8 या 9 अप्रैल को दिल्ली के लिए रवाना होंगे। सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार अपनी राज्यसभा सदस्यता की शपथ 10 अप्रैल को ग्रहण करेंगे। इसके लिए नीतीश कुमार 8 या 9 अप्रैल को दिल्ली जाएंगे। बता दें कि शपथ ग्रहण (Swearing-in Ceremony) के बाद नीतीश कुमार अपने मुख्यमंत्री पद से 13 अप्रैल के बाद इस्तीफा दे सकते हैं।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्यसभा सदस्य के रूप में निर्वाचित होने के बाद सोमवार को विधान परिषद की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। नीतीश कुमार 2006 से लगातार विधान परिषद के सदस्य रहे हैं। 16 मार्च को राज्यसभा के लिए निर्वाचित होने के बाद उनके इस्तीफे की चर्चा तेज हो गई थी।
चारों सदनों में सदस्य बने नीतीश कुमार
नीतीश कुमार उन नेताओं में शामिल हैं जो चारों सदनों के सदस्य बने हैं। राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कहा था कि उनकी इच्छा राज्यसभा सदस्य बनने की थी इसलिए उन्होंने यह निर्णय लिया। नीतीश कुमार 1985 में हरनौत विधानसभा सीट से विधायक बने, 1989 में नौवीं लोकसभा के सदस्य चुने गए और 2006 से विधान परिषद के सदस्य रहे। अब वे पहली बार राज्यसभा सदस्य के रूप में अपनी नई पारी शुरू करेंगे।
केंद्र और राज्य में निभाए अहम पद
नीतीश कुमार ने केंद्र में रेल मंत्री और कृषि मंत्री जैसे महत्वपूर्ण पद संभाले, जहां उन्होंने रेलवे में सुधार किए। 2005 से बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में राज्य की कमान संभाल रहे हैं। मुख्यमंत्री रहते उन्होंने कई चर्चित योजनाएं लागू कीं, जैसे शराबबंदी, साइकिल योजना और पंचायती राज में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण।
मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा का आदेश
मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद भी नीतीश कुमार को जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा मिलेगी। गृह विभाग की विशेष शाखा ने आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि उन्हें बिहार स्पेशल सिक्योरिटी एक्ट-2000 के तहत सुरक्षा मिलेगी। नीतीश कुमार राज्यसभा के लिए निर्वाचित होने के बाद निकट भविष्य में मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देंगे और राज्यसभा की सदस्यता ग्रहण करेंगे। सुरक्षा की समीक्षा के बाद उन्हें जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा प्रदान करने का निर्णय लिया गया है।
