इलाहाबाद में आसान नहीं है भाजपा प्रत्याशी बहुगुणा जोशी की राह

इलाहाबाद । कभी कांग्रेस का गढ़ रही इलाहाबाद संसदीय सीट अब भाजपा के लिए नाक का सवाल बन गई है। भाजपा ने इस सीट से कभी कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष रही रीता बहुगुणा जोशी को चुनाव मैदान में उतारा हैमैट्रीमोनियल साइटों पर लाइफ पार्टनर खोजने से ज्यादा डेटिंग साइटों पर पार्टनर तलाशना ज्यादा पसंद किया जा रहा है। दूसरी ओर कांग्रेस ने कभी भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता रहे योगेश शुक्ला को टिकट दिया है।
वहीं, गठबंधन प्रत्याशी के रूप में राजेंद्र पटेल दोनों को कड़ी टक्कर दे रहे हैं। इलाहाबाद से करीब सत्तर किमी दूर कोरांव में केशव प्रसाद मौर्य का भाषण चल रहा था-जल चढ़ाने जाते थे तो अखिलेश के राज में परेशान किया जाता था कि नहीं। कुंभ में कभी फूलों की वर्षा हुई कि नहीं। भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का सवाल बनी इलाहाबाद संसदीय सीट पर जीत हासिल करने के दिन में केशव प्रसाद मौर्य का भाषण इन्हीं बातों पर आधारित रहता है।
फिल्म स्टार सनी देओल ने भी रीता बहुगुणा जोशी के लिए चुनाव प्रचार किया। खुद प्रधानमंत्री कौशांबी के बाद दूसरी बार इलाहाबाद रैली करने पहुंचे। इसी के चलते इलाहाबाद की इस वीवीआईपी सीट पर कांग्रेस से भाजपा में आई रीता बहुगुणा जोशी को चुनाव लड़ाने के लिए लखनऊ से इलाहाबाद बुलाया तो गया है, लेकिन इलाहाबाद से संसद भवन तक का रास्ता रीता बहुगुणा के लिए इतना आसान नहीं है।
कचहरी चौराहे के पास उनकी पुश्तैनी कोठी में चहल पहल फिर से बढ़ गई है। कोठी के अंदर हेमवंती नंदन बहुगुणा की कई पुरानी फोटो के साथ अमित शाह और नरेंद्र मोदी की कई नई फोटो भी लगी है। कोठी में विपक्षियों के बाहरी होने के आरोप से निपटने के लिए कार्यकर्ताओं को समझाती हैं कि मेरा घर कहां? इलाहाबाद। मैंने पढ़ाया कहां? इलाहाबाद विश्वविद्यालय। मैं मेयर कहां की? इलाहाबाद की, तो जो लोग मुझे बाहरी बता रहे हैं, वे नालायक हैं।
रीता बहुगुणा की कोठी पर मेरठ के पूर्व कांग्रेसी विधायक के बेटे मिले। वह कहते हैं कि व्यक्तिगत तौर पर रीता बहुगुणा जोशी के चुनाव प्रचार के लिए आए हैं, जबकि दिल से वह कांग्रेसी हैं। रीता बहुगुणा खुद 24 साल कांग्रेस में रही हैं। लेकिन अब भाजपा उम्मीदवार बनकर इलाहाबाद लौटी हैं। भाजपा प्रत्याशी रीता बहुगुणा जोशी कहती हैं कि कांग्रेस क्षेत्रीय नेताओं को आगे बढ़ने नहीं देती है, इसी वजह से उसका जनाधार लगातार कम हुआ है। अब कांग्रेस के पास केवल पांच फीसदी वोट है। उधर रीता बहुगुणा जोशी के हाई वोल्टेज चुनाव प्रचार के सामने कांग्रेस प्रत्याशी योगेश शुक्ला भी बाइक रैली करके अपने चुनावी प्रचार को रफ्तार देने की कोशिश कर रहे हैं।
