ओमिक्रॉन और डेल्टा से मिलकर बना कोरोना का नया वेरिएंट डेलमाइक्रॉन के लक्षण

यूरोपीय देशों में ओमिक्रॉन वेरिएंट के बढ़ते मामलों ने दुनिया भर में COVID-19 की तीसरी लहर आने का खतरा मंडरा रहा है। अभी तक जहां ओमिक्रॉन से जुड़ीं जानकारियां ही साफ नहीं हो पाई हैं, वहीं डेलमाइक्रॉन नाम के डेल्टा वेरिएंट से सभी की मुश्किलें और भी बढ़ा दी हैं। डेलमाइक्रॉन नाम का यह स्ट्रेन असल में अमेरिका और यूरोप में कोविड की खतरनाक लहर के लिए जिम्मेदार है। ऐसे में यह कहा जा सकता है कि समझना बहुत मुश्किल नहीं है, डेलमाइक्रोन डेल्टा और ओमिक्रॉन वेरिएंट से मिलकर बना है
क्या है डेलमाइक्रॉन वेरिएंट
डेलमाइक्रॉन अल्फा, बीटा और अन्य की तरह कोरोना वायरस का एक नया वेरिएंट नहीं है। यह दो मौजूदा वेरिएंट- डेल्टा और ओमिक्रॉन का कॉम्बिनेशन है। यह कोविड19 का डबल वेरिएंट है, जो पश्चिमी देशों में तेजी से फैल रहा है। डेल्टा वेरिएंट अप्रैल से लेकर जून तक पूरी तरह से हावी रहा। यही वेरिएंट कोरोना वायरस की दूसरी लहर के लिए जिम्मेदार था, जिसने दुनिया भर में करोड़ों लोगों की जिंदगियों पर असर डाला। डेल्टा वायरस के लक्षणों की बात करें, तो इस वायरस के प्रभाव में आकर लोगों को तनाव के साथ, भयंकर सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द और बालों के झड़ने की समस्याएं सामने आती हैं। वहीं, डेल्टा वायरस के मुकाबले ओमिक्रॉन के लक्षण बेहद हल्के दिखते हैं। हालांकि, यह काफी संक्रामक है, लेकिन इससे गंभीर लक्षण नहीं होते हैं और अस्पताल में भर्ती होने का खतरा कम होता है। ओमिक्रॉन संक्रमण के शुरुआत के लक्षणों में गले में खराश, सिरदर्द और थकान शामिल हैं। ओमिक्रॉन के मामलों में खाने का स्वाद या सूंघने की क्षमता पर कोई असर नहीं पड़ता।
डेलमाइक्रॉन के लक्षण क्या हैं?
डेलमाइक्रॉन को कोरोना वायरस के डेल्टा और ओमिक्रॉन वेरिएंट से मिलकर बना है, इसलिए यह ज्यादा जल्दी इंफेक्ट करने और गंभीर लक्षणों वाला बताया जा रहा है। अभी इसके बारे में पूरी जानकारी होने के लिए कई शोध की जरूरत है। जहां तक लक्षणों की बात है, डेल्टा और ओमिक्रॉन का एक कॉम्बिनेशन होने की वजह से डेलमाइक्रॉन के लक्षण मिलते-जुलते हैं।
इसके शुरुआती के लक्षण
उच्च तापमान
लगातार खांसी
गंध या स्वाद की आपकी भावना में कमी या परिवर्तन
सिरदर्द
बहती नाक
गले में खराश
देश में ओमिक्रॉन वेरिएंट के मामले बढ़ते जा रहे हैं। देश में अब तक 350 से अधिक मामले पाए गए हैं, जो आने वाले दिनों में क्रिसमस और नए साल की गैदरिंग में बढ़ सकते हैं। हालांकि, भारत में अभी तक डेलमाइक्रॉन का एक भी मामला सामना नहीं है।
