क्या TDS छूट के लिए फॉर्म 15H है जरूरी? जानें नियम

सवाल – मेरे पिताजी राज्य सरकार से पेंशन प्राप्त कर रहे हैं। उनको 12 हजार रुपये मासिक पेंशन तथा 23 हजार रुपये मासिक ब्याज से आय है। क्या वह 15 एच फॉर्म बैंक को दे सकते हैं ताकि स्रोत पर कर कटौती ना हो। इस संबंध में सीबीडीटी ने भी 22 मई को एक सर्कुलर जारी किया है। -नीरज कुमार बिष्ठ
जवाब – जी हां। आपके पिताजी को 15 एच फॉर्म भर कर बैंक को देना चाहिए जिससे की स्रोत पर कर कटौती ना हो। 22 मई को जारी सर्कुलर में कहा गया है कि यदि किसी वरिष्ठ नागरिक की कर देयता धारा 87ए की रिबेट के बाद शून्य आती है तो वो फॉर्म 15 एच भरकर जमा कर सकता है। इससे पूर्व नियम यह था कि यदि किसी व्यक्ति की आय न्यूनतम कर योग्य आय से कम है तो ही 15 एच फॉर्म भरने का अधिकारी था ।
सवाल – मेरे भाई ने इसी साल अगस्त 2019 में एक दो कमरों का मकान 45 लाख रुपये में खरीदा था। अब वह उसे बेचने की सोच रहा है। इससे मिले पैसों से वह 12-12 लाख के दो फ्लैट दूसरी जगह पर लेना चाहता है। बाकी बचे पैसों से 20 लाख का होम लोन वापस करना चाहता है। मैं यह जानना चाहता हूं की ऐसा करने पर क्या उसकी कोई कर देयता बनेगी ? – नरेन्द्र श्रीवास्तव, हाथरस
जवाब – आपके भाई का निवेश 24 माह से कम अवधि का है अत: नए मकान में निवेश के लाभ प्राप्त नहीं होंगे। आपने दो कमरों के मकान का विक्रय मूल्य नहीं बताया। यदि यह 45 लाख से अधिक का है तो फिर आपको अधिक प्राप्ति पर जो आय हुई है उसे अपनी कर योग्य आय में जो की छोटी अवधि का पूंजीगत लाभ होगा के नाम से जोड़ना होगा। उसी आधार पर जिस श्रेणी में आपकी आय आएगी उस आधार पर आपकी कर देयता बनेगी। होम लोन आप वापस कर सकते हैं।
सवाल – मेरे पुत्र ने जीवन बीमा पॉलिसी ली थी जब वह भारत का निवासी था। वर्तमान मे वह एन.आर.आई है तथा कनाडा में रह रहा है। यदि वह कनाडा का नागरिक बन जाता है तो उसका स्टेटस क्या रहेगा। उसके पास ना ही पैन कार्ड है और ना ही आधार कार्ड। – आर. के. प्रसाद, पटना
जवाब – आपके पुत्र ने भारत में रहते हुए अपनी बीमा पॉलिसी ली थी परन्तु अब वह अनिवासी भारतीय है। अनिवासी होने की अवस्था में उसकी पॉलिसी पर कोई फर्क नहीं पडने वाला। आप अपनी बीमा कंपनी की सर्विस ब्रांच को सम्पूर्ण स्थिति तथा अपने वर्तमान स्थिति से अवगत कराएं तथा आपका पुत्र वहां रहते हुए अपनी बीमा प्रीमियम का भुगतान समय से करता रहे।
सवाल – मैंने 22 जून 2019 को एक मकान 55 लाख रुपयों में खरीदा है। इसके लिए मैनें 42 लाख रुपये का होम लोन लिया है। 13 लाख का भुगतान अपने खाते से डीमांड ड्राफ्ट के माध्यम से किया है। ऐसे में क्या मुझे कोई आयकर अदा करना होगा जबकि 42 लाख का होम लोन लिया है । – भरत राम गोयल,अलवर
जवाब – आपको अभी कोई आयकर अदा नहीं करना । यदि आप इस मकान को बेचते हैं और उस पर यदि कोई लाभ होता है तो फिर आपको आयकर अदा करना पड़ सकता है।
 

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