तेजाजी मेले में कोबरा से दंश कराने का कारनामा करते दिखे पुजारी

टोंक. कोबरा सांप (Cobra) विश्व के 10 सर्वाधिक जहरीले सांपों (Poisonous snakes) में शुमार है. कोबरा के दंश से पीड़ित मनुष्य को समय से उपचार नहीं मिला तो मौत सुनिश्चित है. मेडिकल साइंस (Medical science) की इन सब बातों को ताक पर रखकर तेजा दशमी के पर्व पर टोंक जिले में कई स्थानों पर घोडले यानि पुजारियों (Priest) ने अपनी जीभ पर नाग सांप से दंश (Snake bite) कराया. कोबरा दंश के बाद बेहोश हुए ये घोडले कुछ ही देर में दोबारा इलाज के बगैर ही होश में आ गए.
सांपों से खेलते नजर आए पुजारी
राजस्थान में तेजाजी को सांपों का लोक देवता माना जाता है. तेजा दशमी (Teja Dashmi) के अवसर पर पूरे प्रदेश में कई जगह तेजाजी के मेले (Tejaji Fair) आयोजित हुए. टोंक जिले के सुरेली गांव में तेजाजी मेले में पुजारी सांपों से न सिर्फ खिलौने के तरह खेलते नजर आए, बल्कि घोडले यानी पुजारी ने कई लोगों के सामने कोबरा से अपनी जुबान को कई बार डसवाने का जोखिम भरा कारनामा भी किया. सांपों के लोक देवता के रूप में पूजे जाने वाले वीर तेजाजी के मेले में घोडले ने जमकर नृत्य भी किया.
रामेश्वर डूडी ने भी गले में डाला था कोबरा
एक दो- दिन पहले इस मेले में विधानसभा में पूर्व नेता प्रतिपक्ष रहे रामेश्वर डूडी भी मुख्य अतिथि के रूप में भाग लेने यहां पहुंचे थे, जहां नृत्य (Dance) के दौरान पुजारी ने उनके गले में भी कोबरा सांप डाल दिया था.
