तो इसलिए पूजा घर में नही लगाना चाहिए मृत पूर्वजों की तस्वीर

इससे परेशनियों को देते है बुलावा:

लेकिन वास्‍तु के अनुसार यह ठीक नहीं है। वास्‍तु को मानने वाले यह बात जानते हैं कि पूजा घर में पुरखों की तस्‍वीरें लगाना निषेध है। पूजा घर में मृत व्‍यक्ति की तस्‍वीर रखी जा रही है तो इसका अर्थ ये हुआ कि आप अनजाने में ही परेशानियों को आहूत कर रहे हैं। तमिल विचारधारा के अनुसार मृतक देवदूत बनकर स्‍वर्ग में गति पाते हैं।

मृतकों को को देते है भगवान का दर्जा:

इस लिहाज से वे मृतकों को भगवान का दर्जा दे देते हैं। हिंदू धर्म में शरीर नश्‍वर है इसलिए उसका दाह संस्‍कार किया जाता है जबकि आत्‍मा पूजनीय है। इधर, वास्‍तु-शास्‍त्र कहता है कि देवों की तस्‍वीरों को उत्‍तर अथवा उत्‍तर पूर्व की दिशा में रखना चाहिए।
मृत पूर्वजों की तस्‍वीरों को दक्षिण पश्चिम या दक्षिण, पश्चिम में लगाना चाहिए। यदि उक्‍त क्रम का पालन नहीं किया गया तो परिवार में क्‍लेश, मानसिक कष्‍ट, संकट और दुविधा की आशंका बनी रहती है।
 

Leave a Reply