पाक इतिहासकार शाहिद शब्बीर का दावा, दुनिया का सबसे बड़ा गुरुद्वारा होगा श्री करतारपुर साहिब

पाकिस्तान स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री करतारपुर साहिब दुनिया का सबसे बड़ा गुरुद्वारा होगा। यह गुरुद्वारा साढे़ चार सौ एकड़ भूमि में फैला है। इस बात का दावा पाकिस्तानी इतिहासकार शाहिद शब्बीर ने सोशल मीडिया में अपलोड की गई एक वीडियो में किया है।
इस वीडियो में पाकिस्तान साइड से करतारपुर कॉरिडोर का निर्माण कितना पूरा हो चुका है, इसकी भी जानकारी दी गई है। करतारपुर कॉरिडोर के मुख्य निर्माण अधिकारी इंजीनियर कासिफ अली ने बताया कि गुरुद्वारा करतारपुर साहिब के आसपास के प्रांगण के 16 बड़े प्लेटफार्मों में से 12 पैनलों पर संगमरमर का काम पूरा हो चुका है। आगामी दस दिन में इस क्षेत्र में संगमरमर का काम पूरा कर लिया जाएगा।

दर्शनी ड्योढ़ी के ऊपर गुंबद के निर्माण का काम जारी है। दर्शनी ड्योढ़ी के भीतर का काम पूरा कर लिया गया है। इसकी दीवारों में संगमरमर की टाइलें लग रही हैं। रास्ते में संगमरमर लगाने का काम अंतिम चरण में है। दर्शनी ड्योढ़ी में दरवाजे और रंगरोगन का काम भी पूरा हो चुका है। खिड़कियों में शीशे लग चुके हैं।

गुरुद्वारा करतारपुर साहिब के मुख्य भवन से कुछ ही मीटर की दूरी पर बनाए जा रहे पवित्र सरोवर और उसके चारों तरफ टाइल लगाने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। पूरे एरिया में 16 छोटे-बड़े गुंबद स्थापित करने का काम चल रहा है। दो मंजिल दीवान हॉल के ऊपर स्थापित किए जाने वाले 80 फुट ऊंचे गुंबद का निर्माण कार्य तेजी से पूरा किया जा रहा है।

इस पूरे प्रोजेक्ट का 75 फीसदी रंग-रोगन का काम पूरा कर लिया गया है। गुरुद्वारा साहिबान के आसपास बने भवनों में एयर कंडीशन और गीजर लगाने का काम अभी किया जाना है। इन भवन के सभी कमरों में पंखे लगाए जा चुके हैं। पूरे प्रोजेक्ट के इनडोर में बिजली का 75 से 80 फीसदी काम पूरा हो चुका है।

प्रशादा तैयार करने की लगेंगी ऑटोमैटिक मशीनें
लंगर हॉल के मुख्य भवन का निर्माण पूरा हो चुका है। लंगर हॉल के साथ दो छोटे-छोटे हॉल का निर्माण भी पूरा हो चुका है। लंगर पकाने के लिए एक बड़ा किचन भी बनाया गया है। इस लंगर हॉल के नजदीक प्रशादा (रोटी) तैयार करने के लिए दो बड़ी ऑटोमैटिक मशीन भी स्थापित की जा रही हैं ताकि प्रति दिन पांच हजार से अधिक श्रद्धालुओं के लंगर की व्यवस्था में कोई कमी न रहे। पाकिस्तान प्रशादा तैयार करने वाली मशीनों का आयात कर रही है। लंगर हॉल के नजदीक श्रद्धालुओं के बैठने की भी व्यवस्था की गई है।

यात्री निवास स्थान के साथ वाटर फिल्टर प्लांट भी होगा स्थापित
नानक नाम लेवा संगत के ठहरने के लिए यात्री निवास का निर्माण किया गया है। यात्री निवास दो मंजिल के बनाए गए हैं। यह यात्री निवास 700 फुट लंबा है। इस भवन में मार्बल का काम चल रहा है। संगमरमर लगाने का काम 80 फीसदी पूरा कर लिया गया है।

इसके साथ ही श्रद्धालुओं के लिए कई बड़े हॉल का निर्माण किया गया है जहां एक साथ कई बेड रखे जाएंगे। यात्री भवन में श्रद्धालुओं के लिए कई कमरों का निर्माण भी किया गया है। इन कमरों के साथ अटैच बाथरूम भी बनाए गए हैं। श्रद्धालुओं को स्वच्छ पीने का पानी उपलब्ध हो इसके लिए यात्री निवास के साथ एक वाटर फिल्टर प्लांट भी स्थापित किया गया है। यात्रियों की सुविधा के लिए सूचना केंद्र व सेहत केंद्र का काम तीन हफ्ते पहले शुरू किया गया था। इसका निर्माण कार्य भी युद्धस्तर पर चल रहा है।

मुख्य टर्मिनल भवन में स्थापित किए इमिग्रेशन काउंटर
मुख्य टर्मिनल भवन में वाल सीलिंग का काम अंतिम चरण में है। इस टर्मिनल में इमिग्रेशन काउंटर लगा दिए गए हैं। इन टर्मिनल का काम 95 फीसदी पूरा हो चुका है। गुरुद्वारा करतारपुर साहिब के साथ सटी भारतीय सीमा के साथ एक बड़ी दीवार का निर्माण भी किया जा रहा है। पूरे एरिया में पौधरोपण का काम भी साथ-साथ चल रहा है। श्री गुरु नानक देव जी ने जिन खेतों में खेती की थी, उस एरिया में भी पौधरोपण किया जा रहा है।

शेष बचे 45 दिनों में काम हो जाएगा पूरा : भाई गोबिंद सिंह
गुरुद्वारा श्री करतारपुर साहिब के मुख्य ग्रंथी भाई गोबिंद सिंह ने कहा कि अब करतारपुर कॉरिडोर के उद्घाटन में मात्र 45 दिन बचे हैं। नौ अक्तूबर को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान इसका उद्घाटन करेंगे। इन 45 दिनों के भीतर बचे सभी काम पूरे कर लिए जाएंगे। कॉरिडोर के बचे कामों को पूरा करने के लिए 24 घंटे काम चल रहा है।

इस वीडियो में भाई गोबिंद सिंह ने कहा कि बीते नौ महीने से करतारपुर कॉरिडोर के निर्माण के बारे में पड़ाव-दर-पड़ाव संगत को जानकारी दी जाती रही है। करतारपुर कॉरिडोर के निर्माण का कार्य शत प्रतिशत पूरा हो चुका है। अब गुरुद्वारा करतारपुर साहिब के आसपास संगत के ठहरने के लिए बनाए भवनों में दरवाजे स्थापित करने का व बिजली का काम अंतिम चरण में पहुंच चुका है। रंगरोगन का काम 70 फीसदी पूरा हो चुका है।

 

Leave a Reply