फेसबुक फ्रेंड रिक्वेस्ट बनी ठगी का जाल, 62 वर्षीय कारोबारी से 15 लाख रुपये की ठगी

भिवंडी। महाराष्ट्र के भिवंडी में साइबर अपराधियों ने एक 62 वर्षीय व्यापारी को अपना शिकार बनाते हुए फेसबुक के माध्यम से क्रिप्टोकरेंसी में पैसे लगाने का झांसा दिया और उनसे लगभग 15 लाख रुपये ऐंठ लिए। पीड़ित बुजुर्ग के पास सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर एक अनजान शख्स की दोस्ती का आमंत्रण आया था, जिसे मंजूर करने के बाद दोनों के बीच लगातार चैटिंग होने लगी।
फेसबुक पर दोस्ती कर जालसाज ने दिया बंपर मुनाफे का लालच
शातिर ठग ने खुद को डिजिटल करेंसी और इन्वेस्टमेंट का एक्सपर्ट बताते हुए कारोबारी को एक फर्जी क्रिप्टो ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म की खूबियां गिनाईं और कम समय में मोटा पैसा कमाने का सपना दिखाया। भरोसा जीतने के बाद जालसाज ने व्यापारी को एक संदिग्ध लिंक भेजा, जिसके जरिए एक मोबाइल एप्लिकेशन डाउनलोड करवाया गया और उसमें मोटी रकम निवेश करने के लिए उकसाया।
13 हजार के बदले 25 हजार का दिखावा और फिर लगा 15 लाख का चूना
शुरुआती दौर में व्यापारी ने ऐप पर परखने के लिए केवल 13 हजार रुपये का निवेश किया, जिसके तुरंत बाद स्क्रीन पर उसे 25 हजार रुपये का फर्जी मुनाफा बढ़ता हुआ दिखाया गया। इस शुरुआती डिजिटल प्रॉफिट को देखकर बुजुर्ग का विश्वास पक्का हो गया और उन्होंने अलग-अलग किश्तों में विभिन्न बैंक खातों में ऑनलाइन माध्यम से कुल 15 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद जब पीड़ित ने अपने मूल पैसे और मुनाफे को बैंक खाते में निकालने (विड्रॉ) का प्रयास किया, तो ऐप ने उनकी अर्जी बार-बार रिजेक्ट कर दी। हद तो तब हो गई जब आरोपियों ने पूरे पैसे रिलीज करने के बदले में 28 लाख रुपये के अतिरिक्त कमीशन की डिमांड कर दी।
साइबर सेल में शिकायत दर्ज होने के बाद कानूनी कार्रवाई शुरू
खुद को एक सोची-समझी धोखाधड़ी के जाल में फंसा पाकर पीड़ित ने तुरंत केंद्रीय साइबर क्राइम पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज कराई। इस शिकायत को संज्ञान में लेते हुए स्थानीय पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318 और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) एक्ट की धारा 66C व 66D के तहत अज्ञात अपराधियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस की तकनीकी विंग खातों की डिटेल के आधार पर ठगों की लोकेशन ट्रेस करने में जुट गई है, साथ ही पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि सोशल मीडिया पर अजनबियों की वित्तीय सलाह और किसी भी अनधिकृत लिंक पर क्लिक करने से बचें।
