LPG कनेक्शन पर सख्ती: MP में 35 लाख कनेक्शन ब्लॉक, e-KYC बनी वजह

भोपाल (मध्य प्रदेश). मध्य प्रदेश में घरेलू एलपीजी गैस उपयोग करने वाले लगभग 35 लाख डोमेस्टिक एलपीजी कनेक्शन को तकनीकी रूप से ब्लॉक कर दिया गया है। इस कार्रवाई की जद में केवल राजधानी भोपाल के ही 1 लाख से अधिक उपभोक्ता शामिल हैं। इस अचानक हुए ब्लॉकेज के कारण ग्राहकों को रसोई गैस सिलेंडर की बुकिंग कराने और उसे रिफिल करवाने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर उन परिवारों को इस स्थिति में सबसे अधिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जिनके घरों में अचानक गैस सिलेंडर समाप्त हो गया है।
क्यों ब्लॉक किए गए हैं गैस कनेक्शन?
विस्तृत जानकारी के अनुसार, जिन उपभोक्ताओं ने अब तक अनिवार्य रूप से अपनी ई-केवाईसी (e-KYC) प्रक्रिया पूरी नहीं कराई है, केवल उन्हीं के गैस कनेक्शन ब्लॉक किए गए हैं। घरेलू एलपीजी कनेक्शन के लिए यह ई-केवाईसी अभियान गत 30 जून 2026 से ही निरंतर संचालित किया जा रहा है। देश की प्रमुख तेल कंपनियों ने उपभोक्ताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए इस प्रक्रिया की समय-सीमा को कई बार आगे भी बढ़ाया था। इसके बावजूद, जिन ग्राहकों ने निर्धारित समयावधि में अपनी ई-केवाईसी पूरी नहीं की, उनके कनेक्शन सुरक्षा और नियमों के तहत ब्लॉक कर दिए गए हैं।
उपभोक्ताओं को अब क्या कदम उठाने होंगे?
किसी भी प्रकार की अप्रत्याशित समस्या या असुविधा से बचने के लिए सभी संबंधित ग्राहकों को जल्द से जल्द अपनी ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। ई-केवाईसी अपडेट होते ही सिलेंडर की ऑनलाइन बुकिंग फिर से सुचारू हो जाएगी और रिफिल प्राप्त किया जा सकेगा।
स्थानीय गैस एजेंसियों का कहना है कि उपभोक्ताओं को फोन कॉल और संदेशों के माध्यम से कई बार केवाईसी कराने की सूचना दी गई थी, लेकिन लोगों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। एजेंसियों का यह भी स्पष्ट कहना है कि घर-घर जाकर केवाईसी करना संभव नहीं है। ऐसी स्थिति में, यदि उपभोक्ताओं को सिलेंडर मिलने में कोई तात्कालिक बाधा आती है, तो बाजार में आसानी से उपलब्ध मिलने वाले 5 किलोग्राम और 10 किलोग्राम के छोटे एलपीजी गैस सिलेंडर एक बेहतरीन और त्वरित विकल्प साबित हो सकते हैं।
घर बैठे ऑनलाइन e-KYC कैसे पूरी करें?
उपभोक्ता निम्नलिखित आसान डिजिटल माध्यमों का उपयोग करके घर बैठे अपनी ई-केवाईसी करवा सकते हैं:
मोबाइल ऐप्स: उपभोक्ता 'इंडियन ऑयल वन', 'हेलो बीपीसीएल' या 'एचपी पे' मोबाइल एप्लीकेशन के जरिए अपनी ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
फेस ऑथेंटिकेशन: इसके लिए 'आधार फेस ऑथेंटिकेशन' ऐप की आवश्यकता होगी।
लॉगिन प्रक्रिया: अपने पंजीकृत (रजिस्टर्ड) मोबाइल नंबर से संबंधित ऐप में लॉगिन करना होगा।
सत्यापन: आवश्यक विवरण भरकर फेस ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा करना होगा।
नियम: ध्यान रखें कि एक सरकारी पहचान आईडी पर केवल एक ही एलपीजी कनेक्शन का सत्यापन वैध माना जाएगा, अन्यथा अतिरिक्त कनेक्शन को रद्द किया जा सकता है।
ई-केवाईसी की प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न होने के बाद ग्राहक पुनः पहले की तरह सभी प्रकार की गैस सब्सिडी और रिफिल सुविधाओं का आसानी से लाभ उठा सकेंगे।
