महाराष्ट्र सरकार का डिजिटल मिशन तेज, महाइंडस पर नई तकनीकी सेवाओं की शुरुआत

मुंबई। महाराष्ट्र सरकार ने प्रशासनिक कामकाज में पारदर्शिता, कार्यक्षमता और जवाबदेही बढ़ाने के उद्देश्य से एक बड़ी डिजिटल पहल की शुरुआत की है। मुंबई के सह्याद्री अतिथि गृह में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ‘महाइंडस’ प्लेटफॉर्म पर विभिन्न नई सेवाओं का शुभारंभ किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को अधिक प्रभावी बनाना और केवल पात्र लाभार्थियों तक ही योजनाओं का लाभ पहुँचाना है।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता और एकीकृत डेटाबेस पर विशेष जोर
राज्य सरकार प्रशासनिक प्रक्रियाओं में आधुनिक तकनीक का उपयोग बढ़ाने पर विशेष जोर दे रही है। एकीकृत डेटाबेस और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के माध्यम से सरकारी योजनाओं के पात्र लाभार्थियों की पहचान करना अधिक सरल और सटीक हो जाएगा। इसके साथ ही, अपात्र लाभार्थियों को छंटनी प्रक्रिया के जरिए बाहर करने और योजनाओं के लाभ वितरण में पारदर्शिता लाने में बड़ी मदद मिलेगी। AI आधारित तकनीक से निगरानी प्रणाली को भी सशक्त बनाया जा रहा है।
महाडीबीटी 2.0 और ‘आपले सरकार 2.0’ की शुरुआत
समीक्षा बैठक के दौरान 'महाडीबीटी 2.0', ‘आपले सरकार 2.0’ और ‘मैत्री’ पोर्टल सहित कई प्रमुख डिजिटल सेवाओं और प्लेटफॉर्म का आधिकारिक शुभारंभ किया गया। इन एकीकृत प्लेटफॉर्म का उद्देश्य सरकारी प्रक्रियाओं को आम नागरिकों के लिए अधिक सुविधाजनक बनाना, दफ्तरी कागजी कार्रवाई को घटाना और नागरिकों तथा प्रशासन के बीच सीधी डिजिटल कनेक्टिविटी स्थापित करना है।
एक करोड़ से अधिक ‘महान आईडी’ तैयार
बैठक में जानकारी दी गई कि राज्य में अब तक एक करोड़ से अधिक ‘महान आईडी’ का निर्माण किया जा चुका है। यह एकीकृत डिजिटल पहचान व्यवस्था विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों के सत्यापन और अंतर-विभागीय समन्वय को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। नई व्यवस्था का अंतिम लक्ष्य प्रशासन को पूरी तरह तकनीक-संचालित और जवाबदेह बनाना है।
