महतारी वंदन बना रंभा बाई का सहारा, स्वास्थ्य जांच से लेकर आने-जाने तक की जरूरतें हो रहीं पूरी

गरियाबंद : उम्र के इस पड़ाव में जब स्वास्थ्य संबंधी जरूरतें बढ़ जाती हैं और छोटी-छोटी आवश्यकताओं के लिए भी आर्थिक सहारे की जरूरत महसूस होती है, ऐसे समय में महतारी वंदन योजना की राशि रंभा बाई, ग्राम पंचायत सढोली, के लिए संबल बनकर सामने आई है।
महतारी वंदन योजना की 31वीं किस्त मिलने पर रंभा बाई बेहद खुश हैं। रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर इसी माह दो बार ₹1,000 की राशि मिलने को वे अपने लिए विशेष सौगात मानती हैं। बढ़ती उम्र के कारण उनके स्वास्थ्य में उतार-चढ़ाव आता रहता है। स्वास्थ्य जांच और उपचार के लिए जब उन्हें अस्पताल या अन्य स्थानों पर जाना पड़ता है, तो आने-जाने के यात्रा खर्च सहित छोटी-छोटी जरूरतों में भी महतारी वंदन की राशि उनके बहुत काम आती है।
रंभा बाई बताती हैं कि हर महीने मिलने वाली यह राशि उनके लिए वरदान स्वरूप है। इससे उन्हें अपनी जरूरतों के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता और स्वास्थ्य जांच के लिए आने-जाने जैसे खर्चों में भी मदद मिल जाती है।
रंभा बाई भावुक होकर कहती हैं कि “आज विष्णु भैया के सहयोग और उनकी दूरदर्शी सोच से महिलाओं को महतारी वंदन योजना के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त बनाया गया है। इस योजना से मेरे व्यक्तिगत जीवन में बदलाव आया है। अब हम महिलाओं को अपने छोटे-छोटे खर्चों के लिए किसी के सामने हाथ फैलाने की जरूरत नहीं पड़ती। इससे समाज में भी महिलाओं को उचित स्थान और सम्मान मिला है।”
रंभा बाई की कहानी इस बात की मिसाल है कि महतारी वंदन योजना की नियमित आर्थिक सहायता उम्र के इस पड़ाव में भी महिलाओं को आत्मनिर्भरता का एहसास दिला रही है। स्वास्थ्य जांच के लिए यात्रा हो या दैनिक जीवन की छोटी जरूरतें, यह राशि उनके लिए मुश्किल समय में भरोसे का सहारा बनी हुई है।
रक्षाबंधन के अवसर पर मिली 31वीं किस्त रंभा बाई के लिए सिर्फ आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि ‘विष्णु भैया’ के रूप में सरकार के सहयोग और संवेदनशीलता का एहसास भी है।
