TCS ने Q1 में कमाए ₹13,349 करोड़, डिविडेंड का ऐलान; खरीदारी का सही मौका?

मुंबई। देश की सबसे बड़ी आईटी सेवा प्रदाता कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) ने चालू वित्त वर्ष 2026-27 की अप्रैल-जून तिमाही के अपने वित्तीय नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस पहली तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन मिला-जुला रहा है, जहां मुनाफा बाजार के विश्लेषकों द्वारा लगाए गए अनुमानों से थोड़ा कम दर्ज किया गया, वहीं दूसरी ओर राजस्व के मोर्चे पर कंपनी ने अनुमानों को पीछे छोड़ते हुए बेहतर प्रदर्शन किया है। इस अवधि के दौरान आईटी क्षेत्र की इस दिग्गज कंपनी ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और वैश्विक सौदों के मामले में अपनी मजबूत बाजार हिस्सेदारी को बनाए रखा है, जिससे भविष्य में टिकाऊ विकास की उम्मीदें मजबूत हुई हैं।
वित्तीय नतीजों में राजस्व मजबूत पर मुनाफा रहा सुस्त
चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में टीसीएस का समेकित शुद्ध लाभ (कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट) 13,349 करोड़ रुपये रहा। बाजार के प्रमुख सर्वे में इसके 13,461 करोड़ रुपये रहने की उम्मीद जताई जा रही थी, जिससे यह थोड़ा पीछे रह गया। हालांकि, राजस्व के मोर्चे पर कंपनी को बड़ी कामयाबी मिली और कुल रेवेन्यू 72,275 करोड़ रुपये दर्ज किया गया, जिसने बाजार के 71,847 करोड़ रुपये के अनुमान को आसानी से पार कर लिया।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और बड़े सौदों में शानदार वृद्धि
कंपनी ने तकनीकी मोर्चे पर अपनी पकड़ मजबूत करते हुए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) कारोबार में शानदार तेजी दिखाई है। टीसीएस का एनुअलाइज्ड एआई रेवेन्यू रन रेट बढ़कर 2.6 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जो पिछली तिमाही की तुलना में 13.6 प्रतिशत की बढ़त दर्शाता है। इसके अलावा, कंपनी ने कुल 9.5 अरब डॉलर की नई डील (टोटल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू) हासिल की है, जिसमें एसकेएफ के साथ हुआ 80 करोड़ डॉलर का बड़ा एआई-आधारित करार और सर्विसनाउ जैसी वैश्विक कंपनियों के साथ मिले मल्टी-मिलियन डॉलर के समझौते शामिल हैं।
वैश्विक चुनौतियों के बीच प्रबंधन का सकारात्मक रुख
कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) और प्रबंध निदेशक के. कृतिवासन ने इन नतीजों पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि वैश्विक स्तर पर जारी भू-राजनीतिक तनाव और कमजोर आर्थिक परिस्थितियों के बावजूद टीसीएस ने अपनी मजबूत विकास गति को बनाए रखा है। उन्होंने कहा कि ग्राहकों द्वारा एआई, साइबर सिक्योरिटी और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर पर निवेश बढ़ाने के कारण टीसीएस को नए ऑर्डर बुक करने और मौजूदा क्लाइंट्स से अपने व्यापार को और अधिक विस्तार देने में उल्लेखनीय सफलता मिली है।
निवेशकों के लिए लाभांश का एलान और बाजार की प्रतिक्रिया
तिमाही नतीजों के साथ ही टीसीएस के निदेशक मंडल ने अपने शेयरधारकों के लिए 12 रुपये प्रति शेयर के अंतरिम लाभांश (डिविडेंड) को मंजूरी दी है, जिसके भुगतान की अंतिम तारीख 31 जुलाई तय की गई है। हालांकि, कार्यबल के मोर्चे पर जून तिमाही के अंत तक कर्मचारियों की कुल संख्या 5,93,798 रही और आईटी सेवाओं में नौकरी छोड़ने की दर (एट्रिशन रेट) 13.6 प्रतिशत दर्ज की गई। अमेरिका में वीजा जांच से जुड़ी चिंताओं के कारण शुरुआती कारोबार में दबाव झेलने के बाद कंपनी का शेयर अंततः रिकवरी करते हुए 2,059 रुपये के स्तर पर करीब-करीब सपाट बंद हुआ।
