आगरा का वो चमत्कारी हनुमान मंदिर, जहां ‘जोड़े’ में हाजिरी लगाने से पूरी होती है सूनी गोद की मुराद! जानिए 70 साल पुराने इस मंदिर की कहानी

उत्तर प्रदेश के आगरा को एक प्राचीन और ऐतिहासिक शहर माना जाता है. आगरा में कई ऐसे प्राचीन मंदिर हैं, जिनका रहस्य काफी चमत्कारी माना जाता है. आज हम आपको आगरा के एक मात्र ऐसे मंदिर के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसे ‘विचित्रवीर बाबा हनुमान मंदिर’ कहा जाता है. आगरा से करीब 14 किलोमीटर दूर रुनकता में यमुना किनारे यह मंदिर बना हुआ है. मंगलवार और शनिवार को यहां विशेष पूजा-अर्चना की जाती है. दूर-दराज से भक्त यहां बाबा के दर्शन के लिए आते हैं.
सूनी गोद भरने का अनोखा चमत्कार
बताया जाता है कि पूरे आगरा में विचित्रवीर बाबा का यह इकलौता मंदिर है. यहां के मुख्य पुजारी ने बताया कि यहां आने वाले दंपतियों को संतान प्राप्ति का सुख प्राप्त होता है. उन्होंने कहा कि यहां ऐसे कई भक्त आए हैं, जो लंबे समय से संतान प्राप्ति का प्रयास कर रहे थे, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिल रही थी. यहां बाबा में इतनी शक्ति है कि जोड़े से पूजा करने पर भक्तों को संतान प्राप्ति का सुख प्राप्त होता है.
जंगलों के बीच से प्रसिद्ध धाम बनने की कहानी
आगरा के रुनकता गांव में यमुना किनारे स्थित यह एकमात्र विचित्रवीर बाबा हनुमान मंदिर है. यहां के मुख्य पुजारी पंडित अजय शुक्ला शास्त्री ने बताया कि यह मंदिर काफी प्राचीन है और यहां स्थापित हनुमान जी की मूर्ति सदियों पुरानी बताई जाती है. उन्होंने कहा कि एक संन्यासी बाबा ने करीब 70 साल पहले इस मंदिर का जीर्णोद्धार कराया था. उससे पहले यह पूरी तरह से जंगलों के बीच यमुना किनारे बना हुआ था.
इसकी हालत बेहद खंडहर जैसी थी और बेहद कम ही लोग यहां इस मंदिर के बारे में जानते थे. लेकिन, धीरे-धीरे बाबा के चमत्कार और मनोकामना पूर्ण होने से यह मंदिर आसपास के क्षेत्रों में काफी प्रसिद्ध हो गया. उन्होंने कहा कि आज प्रतिदिन भक्त यहां आकर पूजा-पाठ करते हैं. मंगलवार और शनिवार को यहां विशेष पाठ किया जाता है.
विशेष पाठ से पूरी होती है हर मनोकामना
आगरा के रुनकता स्थित विचित्रवीर बाबा हनुमान मंदिर बेहद प्राचीन और चमत्कारी मंदिर माना जाता है. यहां के मुख्य पुजारी पंडित अजय शुक्ला शास्त्री ने दावा किया कि कई भक्त, जो लंबे समय से संतान प्राप्ति के लिए इधर-उधर भटक रहे थे, जब वह बाबा की शरण में आए तो ऐसा चमत्कार हुआ कि उन्हें संतान प्राप्ति का सुख मिला. उन्होंने कहा कि ऐसा केवल एक मामला नहीं है, बल्कि कई दंपतियों को बाबा के आशीर्वाद से संतान सुख मिला है. उन्होंने कहा कि मंगलवार और शनिवार को यहां विशेष पाठ का आयोजन किया जाता है. जोड़ों द्वारा यदि मंगलवार और शनिवार के ये पाठ पूरे किए जाते हैं, तो भक्तों की हर इच्छा पूरी होती है.
