संसद में जोरदार हंगामा, नहीं चल पाई कार्यवाही; दोनों सदन हुए स्थगित

नई दिल्ली: संसद के मानसून सत्र में बुधवार को भी विपक्ष का हंगामा जारी रहा। राम मंदिर दान मामले, नीट आंदोलन पर पुलिस कार्रवाई और दल-बदल कानून जैसे मुद्दों को लेकर विपक्षी सांसदों ने दोनों सदनों में जमकर नारेबाजी की, जिसके चलते लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही को स्थगित करना पड़ा।
पप्पू यादव का बांसुरी स्वराज पर तीखा हमला
विपक्षी प्रदर्शन के दौरान निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज पर सीधा हमला बोला। पप्पू यादव ने टिप्पणी करते हुए कहा कि ऐसा लगता है जैसे बांसुरी स्वराज का जन्म राहुल गांधी के खिलाफ मामले दर्ज कराने के लिए ही हुआ है। उन्होंने कहा कि कानून की समझ के बिना ही वे पुलिस स्टेशन पहुंच जाती हैं, जबकि उन्हें पहले सदन में अध्यक्ष से अनुमति लेनी चाहिए। प्रयागराज कोर्ट के नोटिस पर पप्पू यादव ने कहा कि वे कानून का सम्मान करते हैं और इसका उचित जवाब देंगे।
दल-बदल विरोधी नए कानून पर स्थगन प्रस्ताव
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने लोकसभा में 'दल-बदल विरोधी नए कानून' पर व्यापक चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव का नोटिस दिया। उन्होंने तर्क दिया कि बिना किसी वैचारिक मतभेद के होने वाले अवसरवादी दल-बदल को रोकने के लिए नया सख्त कानून जरूरी है। साथ ही, इस कानून में संसद और विधानसभाओं के भीतर तथा बाहर प्रतिनिधियों को अपनी बेबाक और ईमानदार असहमति व्यक्त करने की आजादी भी मिलनी चाहिए।
संसद के दोनों सदनों में हंगामा, कार्यवाही स्थगित
लोकसभा: सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। बढ़ते हंगामे को देखते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कार्यवाही को दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया।
राज्यसभा: नीट अभ्यर्थियों पर हुई पुलिस कार्रवाई और अन्य मुद्दों को लेकर विपक्षी सदस्यों के निरंतर हंगामे के कारण उच्च सदन की कार्यवाही भी प्रभावित हुई और सभापति ने इसे दोपहर 12 बजे तक के लिए मुल्तवी कर दिया।
