अगले हफ्ते रुपया जा सकता है 70 पार

कोलकाता । अमेरिका और चीन के बीच व्यापार वार्ता के असफल होने का डर एशियाई देशों के करेंसी मार्केट्स पर भी हावी हो गया है। चीन की करेंसी युआन में कमजोरी आ रही है और विशेषज्ञ कह रहे हैं कि रुपया भी अगले हफ्ते तक डॉलर के मुकाबले 70 का लेवल पार कर सकता है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चीन के 200 अरब डॉलर के सामान पर ड्यूटी 10 फीसदी से बढ़ाकर 25 फीसदी करने की धमकी दी है। उन्होंने आरोप लगाया है कि चीन पहले व्यापार वार्ता में जिन बातों पर मान गया था, अब वह उनसे पीछे हट रहा है। इसलिए उन्होंने चीन से अमेरिका आने वाले सामान पर आयात शुल्क बढ़ाने की धमकी दी है।
सुलह की उम्मीद कम
इस बारे में डीबीएस ग्रुप रिसर्च में फॉरेक्स स्ट्रैटेजिस्ट फिलिप वी ने कहा कि चीन और अमेरिका के बीच इस मामले में शांति कायम करना आसान नहीं होगा क्योंकि ट्रंप को इस पर अमेरिका के लोगों और कांग्रेस का समर्थन मिल रहा है। अमेरिका और चीन के बीच चल रही व्यापार वार्ता का नतीजा शुक्रवार को आएगा। उससे पहले भारतीय विदेशी मुद्रा बाजार में उतार-चढ़ाव जारी है। रुपया बुधवार को डॉलर के मुकाबले 30 पैसे की गिरावट के साथ 69.71 पर बंद हुआ।
इस तरह रुपए पर पड़ेगा दबाव
एसबीआई के ग्रुप चीफ इकनॉमिक अडवाइजर सौम्य कांति घोष ने कहा, युआन के सस्ता होने से चीन के सामान विदेशी बाजार में और सस्ते हो जाएंगे। इसका मतलब यह है कि एक्सपोर्ट मार्केट में भारत कमजोर होगा। इससे भारत का व्यापार और चालू खाता घाटा बढ़ सकता है, जिससे रुपये पर दबाव बढ़ेगा। पिछले दो दिनों में डॉलर की तुलना में युआन 6.69 से कमजोर होकर 6.78 तक पहुंच गया है। इससे डॉलर मजबूत हुआ है और इसका भी रुपये पर बुरा असर पड़ा है। हालांकि, युआन की वैल्यू में और गिरावट की आशंका से भारतीय करेंसी मार्केट की घबराहट बढ़ी है। आईसीआईसीआई बैंक में ग्लोबल मार्केट्स ग्रुप के हेड बी प्रसन्ना ने बताया, अगर अमेरिका चीन के सामान पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाता है तो चीन शॉर्ट टर्म अपनी करंसी की वैल्यू कम कर सकता है। इससे एशियाई करंसी में कमजोरी का चक्र शुरू होगा। इसकी चपेट में रुपया भी आएगा। इसके अलावा चीन से सस्ता इंपोर्ट बढऩे की आशंका से रुपये पर अतिरिक्त दबाव बन सकता है।
