करतारपुर कॉरिडोरः रावी पर पुल बनाने के लिए भारत-पाकिस्तान करेंगे बैठक, कई मुद्दों पर होगी चर्चा

करतारपुर कॉरिडोर प्रोजेक्ट के तहत रावी नदी पर पुल बनाने के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच बैठ होगी, जिसमें कई अहम मुद्दों पर सहमति बनेगी। करतारपुर साहिब कॉरिडोर के निर्माण में आ रही तकनीकी समस्याओं के हल के लिए हुई विचार-चर्चा के बाद अब दोनों देशों के बीच चार सितंबर बुधवार को सुबह साढ़े दस बजे उच्च अधिकारियों की एक बैठक होगी।
पाकिस्तान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता डॉ. फैसल महमूद ने इस बैठक के बारे में बयान जारी किया है। इससे पहले दोनों देशों के बीच करतारपुर कॉरिडोर को लेकर दो बैठकें हो चुकी हैं। पहली बैठक अटारी सड़क सीमा पर 14 मार्च और दूसरी बैठक 14 जुलाई को पाकिस्तान वाघा सीमा पर हुई थी।
दूसरी बैठक में दोनों देशों के अधिकारियों ने स्वीकार किया था कि करतारपुर कॉरिडोर को लेकर 80 फीसदी सहमति बन चुकी है। शेष 20 फीसदी पर सहमति बनाने के लिए एक और बैठक होगी।
दो दिन पहले डेरा बाबा नानक में आयोजित बैठक में दोनों देशों के तकनीकी अधिकारियों के बीच रावी दरिया के ऊपर पुल के निर्माण को लेकर वैचारिक मतभेद पैदा हुए थे। भारत सरकार के अधिकारियों का मानना है कि रावी दरिया पर पाकिस्तान भी उसी तरह एक बड़े पुल का निर्माण करे, जैसे भारत अपनी सीमा में कर रहा है।
दोनों देशों के पुल को जोड़कर गुरुद्वारा श्री करतारपुर साहिब के तरफ जाने वाले रास्ते को सुगम बनाया जाए, लेकिन पाकिस्तान पुल के निर्माण से पीछे हट रहा है। पाकिस्तान भारतीय सीमा में बनाए जा रहे रावी दरिया के पुल के स्थान पर अपनी सीमा पर एक सर्विस लेन का निर्माण करना चाहता है। चार सितंबर को होने वाली बैठक में दोनों देशों के अधिकारियों के बीच पुल के निर्माण को लेकर चर्चा होगी।
भारत सरकार के उच्च अधिकारियों का मानना है कि बरसात के मौसम में रावी दरिया में आने वाली संभावित बाढ़ से श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए इस पुल का निर्माण बहुत जरूरी है। इस बैठक में भारत एक बार करतारपुर कॉरिडोर के रास्ते प्रति दिन दस हजार श्रद्धालुओं को गुरुद्वारा श्री करतारपुर साहिब के दर्शन के लिए जाने की अनुमति देने का अनुरोध करेगा।
पिछली बैठक के बाद डॉ. फैसल महमूद ने कहा था कि यात्रियों की संख्या पांच हजार भी हो सकती है और आठ हजार भी। यात्रियों की संख्या इस बात पर निर्भर होगी कि पाकिस्तान कितने यात्रियों को सुरक्षा दे सकता है। संभावना है कि चार सितंबर को आयोजित बैठक के बाद दोनों देशों के अधिकारी एक संयुक्त घोषणा पत्र जारी कर सकते हैं, जिसमें करतारपुर कॉरिडोर को लेकर एक सहमति का प्रारूप होगा।
दस हजार श्रद्धालुओं को मिलेगा वीजा: सरवर
पाकिस्तान पंजाब के गवर्नर चौधरी मोहमद सरवर ने एक बार फिर वादा किया है कि इस बार श्री गुरुनानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व पर पाकिस्तान सरकार भारत से आने वाले दस हजार श्रद्धालुओं को वीजा जारी करेगी। इससे पहले दोनों देशों के बीच हुए समझौते के अनुसार, पाकिस्तान तीन हजार श्रद्धालुओं को वीजा जारी करता था।
लाहौर में आयोजित इंटरनेशनल सिख सम्मेलन में उपस्थित सिख विद्वानों को संबोधित करते हुए गवर्नर ने कहा था कि पाकिस्तान सरकार सभी श्रद्धालुओं को 30 सितंबर तक वीजा जारी कर देगी। सम्मेलन के दूसरे दिन दुनिया भर से आए सिख विद्वानों ने गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब में शीश निवाया।
