सीएम हेल्पलाईन की शिकायतों को निपटाने में पिछड़ा लोक निर्माण विभाग

भोपाल।राज्य का लोक निर्माण विभाग सीएम हेल्पलाईन में आई शिकायतों को निपटाने में पिछड़ गया है। इसके कारण विभाग को अपने अधीनस्थ अधिकारियों को आड़े हाथ लेना पड़ा है और उन्हें लापरवाह कहते हुये हिदायत देनी पड़ी है कि गंभीरता से लंबित शिकायतों का निराकरण करें अन्यथा उनके खिलाफ कार्यवाही की जायेगी।
विभाग ने कहा है कि निचले स्तर पर शिकायतों के निराकरण में विलम्ब किया जा रहा है जिससे ग्रेडिंग पैरामीटर में विभाग की स्थिति निरन्तर डी ग्रेड में पाई गई है। खास तौर पर जिला स्तर पर लंबित शिकायतों की संख्या अधिक है एवं इनमें भी बहुत सी शिकायतें सौ एवं तीन सौ दिन से अधिक समय से लंबित हैं। निचले स्तर के अधिकारियों द्वारा न तो शिकायतकत्र्ता से सम्पर्क किया जा रहा है और न ही शिकायतों के निराकरण हेतु कोई प्रभावी कार्रवाई अथवा प्रयास किये जा रहे हैं। निचले स्तर के अधिकारी इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं और नही निराकरण के प्रति रुचि दिखा रहे हैं जोकि कार्य में लापरवाही का द्योतक है।
ये आ रही हैं शिकायतें :
लोनिवि में अधूरे निर्माण कार्यों, ठेकेदारों के पंजीयन, सडक़ों/पुलियों/पहुंच मार्ग, नवीन निर्माण कार्यों की मांग, निर्माण कार्यों के लंबित भुगतान, पैट्रोल पम्प/डायवर्सन की एनओसी न मिलने, अनुकम्पा/पेंशन से संबंधित शिकायतें सीएम हेल्प लाईन में आई हैं।
यह किया बदलाव :
लोनिवि ने शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिये नया बदलाव किया है। अब एल-1 स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी, एल-2 स्तर पर कार्यपालन यंत्री, एल-3 स्तर पर मुख्य अभियंता तथा एल-4 स्तर पर आने वाली शिकायतों का निराकरण प्रमुख अभियंता स्तर पर किया जायेगा। ऐसी ही व्यवस्था पीआईयू एवं रोड डेवलपमेंट कारपोरेशन के लिये भी की गई है।

Leave a Reply